कमालपुर। गंगा नदी के जलस्तर में वृद्धि के कारण हो रहे कटान से परेशान धीना थाना क्षेत्र के महुजी गांव के ग्रामीणों ने बुधवार को कटान के पास खड़े होकर प्रदर्शन किया। साथ ही सरकार से गांव में गंगा के बहाव के कारण हो रहे कटान को रोकने की गुहार लगाई। चेतावनी दी कि यदि सरकार ने कटान रोकने की दिशा में शीघ्र प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो वे अनशन करने को बाध्य होंगे।
ग्रामीणों ने कहा कि बरसात के दिनों में गांव को दो नदियां चारों तरफ से घेर लेती हैं। वहीं गंगा नदी के मार्ग में परिवर्तन के कारण प्रति वर्ष सैकड़ों एकड़ जमीन कटान की भेंट चढ़ जाती है। इस वजह से ग्रामीणों को प्रत्येक वर्ष काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। समाजसेवी अनिल यादव ने कहा यह बेहद ही चिंताजनक है। हमारे आने वाले भविष्य के लिए हमारे गांव के ऊपर खतरा मंडरा रहा है। कहा कि गांव आगे गंगा और पीछे अगहर वीर बहुरिया नदी से घिरा है। बरसात के दिनों में नदियों के जलस्तर में वृद्धि से प्रत्येक वर्ष बाढ़ आती है। इससे तटीय ग्रामवासियों को अपना घर छोड़कर गांव में कैंप लगाकर बसना पड़ता है। निषाद बस्ती के परिवार मछली बेच कर व दक्षिणी छोर पर बसे दलित बस्ती के लोग मजदूरी कर अपनी जीविका चलाते हैं। इन दोनों बस्ती के लोग भूमिहीन हैं। बाढ़ आने पर प्रत्येक वर्ष इन के लिए बहुत सी समस्या खड़ी हो जाती है। ग्रामीणों ने सरकार से समस्या को गंभीरता से संज्ञान में लेने की अपील की है। साथ ही ऐसा न किए जाने पर आमरण अनशन करने की चेतावनी दी है। प्रदर्शन करने वालों में शंभू निषाद, अरुण निषाद, रामनरेश निषाद, महादेव निषाद, सुनील राम, ज्ञानचंद राम, रामभरोस राम, रामवती देवी, कपिलदेव निषाद आदि शामिल रहे।