। गोपीगंज कोतवाली के अमवा सरोज बस्ती में बुधवार को गोदभराई में न ले जाने से नाराज 17 वर्षीय किशोर ने फंदा लगाकर जान दे दी। घर के कमरे में उसने रोशनदान के सहारे गमछे से फंदा बनाया था।
परिजनों के घर पहुंचने पर घटना की जानकारी हुई। पुलिस ने दाह संस्कार से पहले शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रभारी निरीक्षक सच्चिदानंद पांडेय ने बताया कि गांव निवासी शंभूनाथ सरोज के बड़े भाई झिगई के पुत्र करन की शादी भदोही में तय हुई थी, जहां लड़की की गोद भराई करने के लिए परिवार के सभी सदस्य गए थे।
इस दौरान शंभूनाथ के बेटे अमित सरोज (17) को घर पर रोका गया था। कहा गया कि घर पर रहकर जानवरों की देखभाल करना। इससे अमित नाराज था। परिजनों के जाने के बाद उसने आत्मघाती कदम उठा लिया। देर शाम जब परिवार के लोगों ने कार्यक्रम से आने पर देखा तो वह फंदे से लटक रहा था।
बताया कि परिजन आनन-फानन में उसे अंतिम संस्कार के लिए डेरवा गंगा घाट पर ले गए और चीता लगाकर शव को रख दिया गया था। आग लगने वाला था पुलिस पहुंची और शव को कब्जे में ले लिया। पोस्टमार्टम होने के बाद परिजनों को शव पुलिस ने सौंप दिया है।
पोस्टमार्टम में हैगिंग से मौत की पुष्टि हुई है। बताया कि मामले में अभी तक कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलती है तो उसके अनुसार आगे की कार्रवाई होगी।