बरहनी स्थित ब्लॉक संसाधन केंद्र (बीआरसी) में चल रहे एफएलएन प्रशिक्षण के पहले बैच के दूसरे दिन सोमवार को शिक्षकों को बच्चों में भाषा की बुनियादी दक्षता विकसित करने की प्रभावी और गतिविधि आधारित शिक्षण विधियों की जानकारी दी गई। पांच दिवसीय प्रशिक्षण में 100 शिक्षक शामिल हैं। बीईओ अजीत पाल ने कहा कि प्राथमिक स्तर पर बच्चों में बुनियादी दक्षता विकसित करना उनकी आगे की शिक्षा की मजबूत नींव है। रचनात्मक और गतिविधि आधारित तरीकों से पढ़ाने पर बच्चे सीखने में अधिक रुचि लेते हैं। प्रशिक्षण में भाषा की विभिन्न अवधारणाओं को बच्चों तक सरल और रोचक तरीके से पहुंचाने पर विशेष जोर दिया गया।
समूह गतिविधियों, व्यावहारिक सत्रों और केस स्टडी के माध्यम से शिक्षकों को विभिन्न शिक्षण विधियों का अभ्यास कराया गया। प्रशिक्षकों ने एफएलएन की अवधारणा, शिक्षण सामग्री के उपयोग, मूल्यांकन तकनीक और डिजिटल टूल्स की जानकारी दी। साथ ही एनसीईआरटी की नई पाठ्यपुस्तकों व संदर्शिकाओं के उपयोग और निपुण भारत मिशन के अनुरूप शिक्षण प्रक्रिया को प्रभावी बनाने पर चर्चा की गई। प्रशिक्षण में एआरपी योगेश सिंह, विजय कुमार उपाध्याय, मनीष सिंह, अनिल कुमार, आदर्श तिवारी, प्रदीप केसरी, प्रशांत सिंह, सुरेंद्र गुप्ता समेत शिक्षक-शिक्षिकाएं और शिक्षामित्र मौजूद रहे।