ताराजीवनपुर। गेहूं खरीद करीब दो महीने से हो रही है लेकिन अधिकतर क्रय केंद्रों पर अभी भी सन्नाटा पसरा है। दूसरी ओर व्यापारी खलिहान पहुंचकर ऊंची कीमत पर किसानों से गेहूं खरीद रहे हैं। किसानों का कहना है कि गेहूं का समर्थन मूल्य बाजार भाव से कम है। वहीं क्रय केंद्रों पर गेहूं बेचने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। इसलिए व्यापारियों को खलिहान में ही गेहूं बेचना बेहतर है। किसानों का कहना है कि जिले में एक मार्च से 15 जून तक साधन सहकारी समितियों पर क्रय केंद्र बनाकर किसानों का गेहूं खरीद की जा रही है। क्षेत्र में साधन सहकारी समिति धूस खास, कोरी व संघति को क्रय केंद्र बनाया गया है। सरकार की ओर से गेहूं 2275 रुपये प्रति क्विंटल खरीद की जा रही है। केंद्रों पर 20 रुपये पल्लेदारी और सफाई के लिए प्रति कुंतल देना है। इसके पहले किसानों को रजिस्ट्रेशन भी करना है। तब जाकर चार-पांच दिन बाद किसानों के खाते में पैसा भेजा जा रहा है। दूसरी तरफ व्यापारी किसानों के खलिहानों में पहुंचकर व्यापारी 2300 से लेकर 2400 रुपए प्रति कुंतल के हिसाब से नगद खरीदारी कर ले रहे हैं। किसान नेता केदार यादव, कैलाश यादव, जितेंद्र सिंह, रामनिवास मिश्रा, राजेंद्र पाल, रामाश्रय पाल आदि किसानों ने बताया कि क्रय केंद्रों पर समस्याओं क कारण ही किसान नहीं पहुंच रहे हैं।