चंदौली। बारिश के चलते जिले में डेंगू, मलेरिया व संक्रामक रोगों का खतरा बढ़ने लगा है। वहीं अस्पतालों में सुविधाएं नाकाफी हैं। आलम यह है कि अस्पतालों में अभी तक अलग डेंगू वार्ड नहीं बन सका है, लेकिन स्वास्थ्य महकमे का दावा है कि जल्द ही वार्ड बनाकर व्यवस्था पूर्ण कर ली जाएगी। छह माह में डेंगू के 13 लोग सस्पेक्टेड पाए गए, एक की रिपोर्ट पॉजिटिव मिली और एक मलेरिया का मरीज मिला है। डेंगू और मलेरिया के रोकथाम के लिए स्वास्थ्य महकमा पूरी तरह से एकजुट होने का दावा कर रहा है। पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष ज्यादा जांच हुए हैं और केस भी कम मिले हैं। पिछले वर्ष जनवरी से जुलाई माह 7493 जांच हुई थी जिसमें 9 मलेरिया के रोगी मिले थे। इसमें एक डेगू भी शामिल है। वही जनवरी से दिसंबर तक 13509 की जांच हुई जिसमें अट्ठारह केस मिले थे। वहीं इस बार जनवरी से जुलाई तक 14039 लोगों की जांच हुई जिसमें एक मलेरिया व एक डेंगू का रोगी मिला है। यह जो फरवरी माह में मिला था इधर बीच एक भी मरीज डेंगू मलेरिया कि नहीं मिले हैं। प्राइवेट चिकित्सकों की माने तो डेंगू के मरीज लगभग महीने में एक दो मिल जाते हैं।