सावन में डीजे बजाने के खिलाफ पुलिस की सख्ती शुरू हो गई है। एसपी के निर्देश के बाद सभी थानों की पुलिस ने शांति समिति की बैठक बुलाई और जिसमें डीजे संचालकों से एक माह के लिए सभी डीजे थानों में जमा करने को कहा गया है। इस क्रम में सकलडीहा कोतवाली पुलिस ने शुक्रवार को 25 डीजे जब्त किया है। इससे डीजे संचालकों में खलबली मची है। डीजे संचालकों को उत्पीड़न का भय सता रहा है।
दरअसल कांवरिए डीजे की धुन पर नाचते गाते चलते हैं। इससे कई बार कानून व्यवस्था भंग होने का डर रहता है। इसको देखते हुए पिछले दिनों प्रदेश सरकार ने कांवर यात्रा में डीजे पर प्रतिबंध लगा दिया। यह आदेश जिले में भी पहुंच चुका है। पिछले दिनों हुई क्राइम मीटिंग के दौरान पुलिस अधीक्षक किरीट राठौर ने मातहतों को यह निर्देश दिया था कि थानेदार अपने क्षेत्र के डीजे संचालकों की सूची तैयार उनके डीजे को तत्काल जमा करा लें। साथ ही यह भी चेतावनी दिया कि जिस क्षेत्र में सावन में शांति भंग हुआ, तो तत्काल प्रभारी थानाध्यक्ष के खिलाफ कार्रवाई की जायेगी। सभी थानों कोतवाली को निर्देश दिया गया है कि वे अपने इलाकों के संचालकों की डीजे जब्त कर लें। शुक्रवार को सकलडीहा कोतवाली पुलिस ने 25 डीजे मशीन को जब्त किया है। शुक्रवार को कोतवाल अजय कुमार अवस्थी ने क्षेत्र के दर्जनों डीजे संचालकों को बुलाकर बैठक में बताया कि उनके पास जो भी डीजे व संबंधित सामान है उसे तत्काल कोतवाली में जमा कर दें। अन्यथा उनके खिलाफ पुलिस कानूनी कार्रवाई होगी।