भाजपा कार्यकर्ताओं ने ‘बेटी के सम्मान में, भाजपा मैदान में’ कार्यक्रम के तहत शनिवार को जिला मुख्यालय पर जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताआें ने बसपा सुप्रीमो, नसीमुद्दीन सिद्दीकी और अन्य बसपा नेताओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर कठोर कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की। अंत में राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी कुमार प्रशांत को सौंपा।
दयाशंकर सिंह की पत्नी और बेटी पर किए गए अपमानजनक टिप्पणी से नाराज सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान भाजपाजनों ने अपनी ताकत का विपक्षियों को एहसास कराते हुए जिलाधिकारी कार्यालय के सामने बसपा सुप्रीमो के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। घंटों कलेक्ट्रेट के गेट को जाम कर इनकी गिरफ्तारी की मांग करते रहे। चेताया भी कि अगर प्रदेश सरकार कोई कार्रवाई नहीं करती है तो भाजपा बेटियों के सम्मान में जनआंदोलन करेगी।
सकलडीहा विधायक सुशील सिंह ने कहा कि बसपा सुप्रीमो मायावती, महासचिव नसीमुद्दीन सिद्दीकी व अन्य बसपाइयों द्वारा भाजपा नेता की पत्नी व पुत्री पर आपत्तिजनक टिप्पणी की गई। इसकी जितनी भर्त्सना की जाए वह कम है। इससे पूरे प्रदेश में सामाजिक माहौल बिगड़ा है। ऐसे में यदि कोई महिलाओं व युवतियों को अपमानित करेगा, तो हम सभी चुप नहीं बैठेंगे। ऐसे अमर्यादित टिप्पणी करने वाले बसपा नेताओं पर कठोर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।
जिलाध्यक्ष सर्वेश कुशवाहा ने कहा कि महिलाओं के प्रति किये गये अपमानजनक टिप्पणी से हम सभी पूरी तरह से आहत हैं। राणा प्रताप सिंह व साधना सिंह ने कहा कि सरकार तत्काल दोषी बसपा नेताओं के खिलाफ कार्रवोई करे। यदि इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही व उदासीनता हुई तो हम सभी आंदोलन को आगे बढ़ाएंगे।
इस अवसर पर शिवतपस्या पासवान, रमेश जायसवाल, शिवराज सिंह, राजेश सिंह, मोती मौर्या, सुभाष सोनकर, अनित तिवारी, शशि शंकर सिंह, नरेंद्र सिंह, हरिवंश उपाध्याय, रामजी गोंड आदि बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सकलडीहा संवाददाता के अनुसार कस्बा स्थित कैंप कार्यालय में शनिवार को सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं की बैठक हुई। इसमें बसपा नेताओं द्वारा भाजपा नेता दयाशंकर सिंह के परिजनों पर व्यक्त किये गए प्रतिक्रिया का विरोध किया। कार्यकर्ताआें ने बसपा नेताओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
इस दौरान प्रदेश महासचिव अजय सिंह राजपूत, जिलाध्यक्ष महेंद्र राजभर, रामजीत, संजय राजभर, राकेश, रामजियावन राजभर, विरेंद्र राजभर, अमित सिंह, आदि मौजूद रहे। अध्यक्षता जगरोपन राजभर और संचालन संजय राजभर ने किया।