मोहनिया। बिहार पुलिस में सिपाही की नौकरी के नाम पर सात लाख की ठगी का मामला सामने आया है। महेंद्र सिंह यादव की शिकायत पर भभुआ थाने में चार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। पीड़ित महेंद्र सिंह यादव, निवासी लेदरी गांव वर्तमान में गर्दनीबाग के उड़ानटोला अनीसाबाद ने बताया कि गांव के जितेंद्र सिंह यादव, उसका बेटे कृष्ण, पवन और नीबी गांव निवासी निर्मल सिंह यादव ने धोखाधड़ी की है। महेंद्र ने बताया कि आरोपितों ने मेरे बेटे मोहित को बिहार पुलिस में सिपाही की नौकरी दिलाने का झांसा दिया और नौ लाख खर्च होने की बात कही। 22 अप्रैल 2024 को जितेंद्र के खाते में छह लाख और निर्मल के खाते में यूपीआई से एक लाख रुपये भेजे। बाद में बहाली प्रक्रिया समाप्त होने के बाद भी बेटे की नौकरी नहीं लगी। रुपये वापस मांगने पर आरोपितों ने पैसे लौटाने से इंकार कर दिया। भभुआ थानाध्यक्ष आलोक कुमार ने बताया कि मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और पुलिस जांच कर रही है।