शराब की दूकानों का विरोध बुधवार को भी जारी रहा। विभिन्न गांवों में खुली शराब की दूकानों के विरोध में महिलाएं लाठी डंडा और झाड़ूूू लेकर दूकानों पर पहुंचीं और उसे बंद कराया। चकिया क्षेत्र के भरेहटा कला गांव में देशी शराब की दूकान खोलने पर महिलाओं ने लाठी डंडा और झाड़ूू लेकर प्रदर्शन किया। जबकि चकिया के गांधी पार्क के सामने देशी शराब की दूकान खोलने के विरोध में लोगों ने एसडीएम को पत्रक सौंपा। इसी तरह सकलडीहा कोतवाली के दिवाकलपुर गांव की महिलाओं ने देशी शराब की दूकान को बंद कराया। सकलडीहा कोतवाली से सटे सदर कोतवाली क्षेत्र के दिवाकलपुर गांव में देशी शराब की दुकान को बंद कराने की मांग को लेकर सैकड़ों की संख्या में महिलाएं पहुंचीं। यहां तोड़फोड़ भी की। सेल्स मैन को महिलाओं ने पकड़ कर दूकान में बंद कर दिया। सूचना के डेढ़ घटना बाद पहुंचे सदर कोतवाल आशुतोष कुमार ओझा ने महिलाओं को समझाया बुझाकर सेल्समैन को छुड़ाया। प्रदर्शन में अलियारी देवी, सुमन, ममता, सरोजनी कुमारी, सोनम पाल, आरती, गीता खरवार, अंजूलता, कुमारी सुषमा आदि रहे।
इसी तरह चकिया नगर के सहदुल्लापुर से हटाकर शराब की दुकान को गांधी पार्क के सामने खोलने के विरोध में 76 लोगों ने हस्ताक्षर युक्त ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। एसडीएम जवाहर लाल श्रीवास्तव ने मामले की जांच का आश्वासन दिया। ज्ञापन देने वालों में विजय विश्वकर्मा, सोनू कसौधन, लालू मद्धेशिया, चंदन कुमार, राजकुमार चौरसिया, गौरव जायसवाल, व्यापार मंडल अध्यक्ष अजय कुमार गुप्ता, बलदाऊ मद्धेशिया, रामदुलार सोनकर, काशी प्रसाद, प्रेम कुमार मौर्य, शैलेन्द्र केशरी, रोहित विश्वकर्मा, अविनाश चौरसिया, महेन्द्र प्रसाद आदि।
इसी तरह चकिया मुगलसराय मार्ग पर अमरा उत्तरी से दूकान हटाकर दुकान भरेहटा कला गांव में दूकान खोलने के विरोध में महिलाएं लाठी डंडा लेकर दुकान पर पहुंची और दूकान बंद करा दिया। सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने दूकान के कागजात की जांच की और दुकान बंद करा दिया। इस दौरान प्रधान शंभु प्रसाद, बृजेश कुमार, गिरधारी मौर्य, आदित्य विश्वकर्मा, निजामुद्दीन, उर्मिला देवी, मालती देवी, भगवानी, राधिका, सुनीता, संजिरा, पुष्पा, रन्नू, बच्चे लाल, अशोक कुमार आदि रहे।