भास्करपुर गांव निवासी आरपीएफ जवान मनोज यादव (30) का शव रविवार की सुबह सोनभद्र में राबर्ट्सगंज थानाक्षेत्र के सुकृत स्थित बैजू बाबा मंदिर के पास पेड़ पर फंदे से लटकता मिला। घटनास्थल पर पहुंचे मृतक के परिजनों ने हत्या की आशंका जाहिर करते हुए घटना का पर्दाफाश करने की मांग की। सोनभद्र के एसपी अमरेंद्र प्रसाद सिंह ने जवान की मौत कैसे हुई इसका खुलासा करने के लिए सीओ की अगुवाई में पांच टीमें लगा दी हैं।
बबुरी थानाक्षेत्र के भास्करपुर गांव निवासी जिलेदार यादव के पुत्र मनोज यादव आरपीएफ चोपन पोस्ट पर तैनात थे। बीते बृहस्पतिवार को अवकाश पर घर आए थे। शनिवार को उन्हें पोस्ट पर रिपोर्ट करनी थी। मृतक के बड़े पिता सूबेदार सिंह के मुताबिक शनिवार की सुबह मनोज अपने घर से करवनिया गांव स्थित अपने बुआ के घर गया था, वहां से खाना खाकर दोपहर दो बजे चोपन के लिए बाइक से निकला। उन्होंने अपने पोस्ट पर फोन कर बताया था कि रात आठ बजे तक पहुंच जाएंगे। लेकिन, देर रात तक उनके अपने पोस्ट पर न पहुंचने पर आरपीएफ ने पुलिस की मदद से खोजबीन शुरू की। उधर, शाम चार बजे परिजनों से बात हुई, उसके बाद मोबाइल बंद हो गया बातचीत न होने के कारण परिजन परेशान हो गये।
रविवार की सुबह सुकृत में सड़क किनारे स्थित बैजू बाबा मंदिर के बाहर मनोज की बाइक पुलिस को खड़ी मिली। पुलिस ने आसपास खोजबीन की तो मनोज का शव संदिग्ध अवस्था में एक पेड़ से गमछे से बने फंदे पर लटकता हुआ मिला। मौत की सूचना मिलते ही घर में कोहराम मच गया। पत्नी रंजू का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। मनोज यादव 2014 में आरपीएफ में भर्ती हुए थे। 2016 में उनकी शादी हुई थी। उनका एक तीन साल का बेटा रुद्र प्रताप है।