फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

3.16 करोड़ से भरेंगे सड़कों के गड्ढे, मलिगी राहत

विज्ञापन
विज्ञापन
पीडीडीयू नगर। बारिश से जिले की अधिकांश सड़कें खराब हो गई थीं और गड्ढे हो गये थे। जिससे आवागमन में परेशानी होती थी। राष्ट्रीय राजमार्ग सहित जीटी रोड सभी सड़कों का ऐसा ही हाल है। सड़क पर बने गड्ढों को भरने के लिए लोक निर्माण विभाग ने 3.16 करोड़ का प्रस्ताव भेजा है। इसमें विभाग को 27 लाख रुपये मिल गए हैं जिनसे गड्ढों को भरने का काम शुरू हो गया है। विभाग का दावा है कि धन अवमुक्त होने के बाद जिले की सभी सड़कों को गड्ढा मुक्त कर दिया जाएगा।
विज्ञापन

जिले की कई प्रमुख सड़कें क्षतिग्रस्त हो गई हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पद संभालने के बाद प्रदेश की सभी सड़कों को गड्ढ़ामुक्त करने का वादा किया था। इसके लिए शासन की ओर से संबंधित विभागों को निर्देश भी जारी कर दिए गए थे। बावजूद इसके तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी सड़कें गड्ढ़ामुक्त नहीं की जा सकीं हैं। जिले की प्रमुख सड़कों में सैयदराजा-जमानिया राष्ट्रीय राजमार्ग, पीडीडीयू नगर से चकिया, सकलडीहा व पड़ाव मार्ग की दशा काफी खराब हो गई है। इन सड़कों पर आवागमन करना खतरा मोल लेना है। पीडब्ल्यूडी विभाग ने सड़कों पर बने गड्ढों को भरने के लिए शासन के पास 3.16 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाकर भेजा है। इसमें से विभाग को अभी तक केवल 27 लाख रुपये ही मिले हैं। इनसे सड़कों पर गड्ढे भरने का काम चल रहा है।
जिले की क्षतिगस्त सड़कों में सकलडीहा कस्बा की सड़क का नाम प्रमुख है। इस सड़क पर वर्षों से गड्ढे बने हुए थे। क्षेत्रीय विधायक प्रभुनारायण यादव व व्यापारियों के काफी हो हल्ला मचाने और कई बार धरना-प्रदर्शन करने के बाद पीडब्ल्यूडी विभाग ने कस्बा में सड़क व नाली का जीर्णोद्धार करना शुरू करा दिया है। करीब पौने चार करोड़ की लागत से कस्बा में दो किलोमीटर तक सड़क व नाली का निर्माण करवाया जा रहा है। इसके अलावा इलिया क्षेत्र में माल्दह पुल से महराइच स्थित बिहार प्रांत के बार्डर तक की सड़क बनाई जा रही है। वहीं चकिया-बबुरी मार्ग स्थित गड़ई नदी पर नए पुल का निर्माण भी शीघ्र कराए जाने की योजना है।
विज्ञापन

ओवरलोड वाहनों का आवागमन सड़कों की दुर्दशा का सबसे बड़ा कारण है। सड़कें एक निश्चित भार तक के वाहनों को ध्यान में रखकर बनाई जाती हैं। ज्यादा भार के वाहनों के चलने से सड़कें समय से पूर्व ही क्षतिग्रसत हो जाती हैं। इसके बाद भी सड़कों पर बने गड्ढों को भरने का कार्य निरंतर चल रहा है। डीपी सिंह, अधिशासी अभियंता, प्रांतीय खंड, पीडीडीयू नगर।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें