कमालपुर। हेतमपुर ताल में ड्रेन की सफाई के लिए रविवार को किसानों ने ताल में प्रदर्शन किया। कहा कि ड्रेन की सफाई न होने से खेतों से पानी की निकासी नहीं हो पा रही है और फसल जलमग्न है। इससे धान की फसल बर्बाद होने की आशंका हो गई है। चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ड्रेन की सफाई नहीं हुई तो वे आंदोलन करेंगे।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि गौसपुर, मड़ैयां, जीयनपुर, हेतमपुर, ढोढियां, नौरंगाबाद सहित अन्य गांवों के किसानों की खेती हेतमपुर ताल में होती है। खेतों में जमा पानी ड्रेन के सहारे कमालपुर होते हुए अगहर वीर बहुरिया नदी में मिल जाता है। पिछले कई वर्षों से ड्रेन की सफाई नहीं हुई है। इससे खेतों का अतिरिक्त पानी निकल नहीं पा रहा है। इससे धान की फसल जलमग्न है। कहा कि पहली बार धान की रोपाई के बाद हुई बारिश में जलमग्न धान गल गई। किसानों ने दुबारा रोपाई कराई लेकिन फिर से फसल बर्बादी के कगार पर है। यदि यही हाल रहा तो रबी की बुआई भी प्रभावित होगी। गौसपुर ग्राम प्रधान रविकांत यादव, हेतमपुर ग्राम प्रधान सतीश उपाध्याय, जीयनपुर ग्राम प्रधान शिवकुमार सिंह, ढोढियां ग्राम प्रधान फिरोज खान ने इसकी शिकायत जनप्रतिनिधियों के साथ सिंचाई विभाग के अधिकारियों से की लेकिन सुनवाई नहीं हुई। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही पानी निकासी की व्यवस्था नहीं की गई तो आंदोलन किया जाएगा। प्रदर्शन करने वालों में किसान और पूर्व सूबेदार मेजर नरेंद्र यादव, पूर्व सूबेदार मेजर बालकिशुन विश्वकर्मा, पूर्व सैनिक जयसिंह, पूर्व सैनिक विजय बहादुर यादव, पूर्व सैनिक जंगबहादुर यादव, राजनाथ यादव, शिवकेदार यादव, प्रेमशरण, प्रेम प्रकाश, जनार्दन यादव, लक्ष्मी, दीनदयाल, श्रवण कुमार विश्वकर्मा, गोविंद यादव, सेवाशरण, बंटी यादव, प्रिंस यादव, दीपक यादव रहे।