सरकारी कर्मचारियों के जेब काटकर जनपद चंदौली का मनाया जायेगा महोत्सव।
इसके लिए बकायदे कूपन हर विभाग के लिए जारी कर दिये गये हैं।
इस
आदेश से हर विभागों में विरोध के स्वर फूट रहे हैं। लेकिन आवाज उठाने की
हिमाकत कोई नहीं कर पा रहा है। वहीं आधिकारी इस पूरे मामले में स्वेच्छा से
दान करने की बात बता रहे है।
वर्षों से ठप पड़े चंदौली महोत्सव को पुन:
कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तनमयता से लग गया है। चंदौली जनपद का सृजन
हुए लगभग 18 साल हो चुके हैं।
इसके पहले भी चंदौली महोत्सव का आयोजन किया
जा चुका है। बीच में किन्हीं कारणों से रोक दिया गया था। वर्तमान जिला
प्रशासन ने पुन: इस आयोजन को कराने का फैसला किया है। महोत्सव को सफल बनाने
के लिए सरकारी कर्मचारियों की जेब पर डाका डालने के लिए बकायदे कूपन जारी
कर दिया गया है। जिसमें चेक, ड्राफ्ट व नगद तरीके से चंदा दिया जा सकता है।
मामला जिला प्रशासन का है इसलिए हर विभाग के प्रमुख अधिकारी अपने मातहत
कर्मचारियों पर अधिक से अधिक चंदा एकत्र करने का दवाब बनाये हैं ताकि
प्रशासन की निगाह मे ंछवि अच्छी बन सके।
वहीं कर्मचारियों में विरोध के
स्वर भी फूट रहे है लेकिन कोई आवाज उठाने की हिमाकत नहीं कर पा रहा है।
जनपद में लगभग दस हजार कर्मचारी होंगे।
इस संबंध में सीडीओ जगदीश सिंह ने
बताया कि किसी पर निर्धारित राशि देने का दबाव नहीं है। कोई भी स्वेच्छा से
जितना चाहे दे सकता है या नहीं भी दे सकता है।