दुलहीपुर। नियामताबाद विकास खंड के सकूराबाद लेड़ुआपर गांव का मतदान केंद्र बदले जाने के विरोध में सोमवार को दलित बस्ती के लोगों ने मतदान का बहिष्कार कर दिया। पहले बनाए जा रहे दलित बस्ती के बूथ पर पहुंचकर काफी संख्या में ग्रामीणों ने पुलिस मुर्दाबाद और मतदान बहिष्कार के नारे लगाए। रविवार को शाम को भी ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया था। जिसके बाद प्रशासन ने सोमवार को पहले के ही बूथ पर मतदान कराने का आश्वासन दिया था, परंतु सोमवार को नए बूथ पर ही मतदान होने लगा। इस पर ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने चुनाव का बहिष्कार कर दिया।
सकुराबाद लेडुआपर गांव में दो मतदान केंद्र बनाए जाते हैं। एक सकुराबाद दलित बस्ती और दूसरा लेडुआपर में बनाया जाता रहा है। दलित बस्ती स्थित मतदान केंद्र से 1800 मतदाता जुड़े हैं। इस बार दलित बस्ती की बजाय मतदान केंद्र एक किलोमीटर दूर सुल्तानीपुर स्थित प्राथमिक पाठशाला में बनाया गया है। ग्रामीण इसका विरोध कर रहे थे। रविवार को शाम को भी ग्रामीणों ने इसका विरोध किया। जिसके बाद पहुंची पुलिस और अधिकारियों ने सोमवार को पहले वाले बूथ पर ही मतदान कराने का आश्वासन दिया। जिसके बाद ग्रामीण माने। इस बीच सोमवार को सुबह मतदान नए बूथ पर ही होने लगा। इसके बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और काफी संख्या में ग्रामीण पुराने बूथ पर इकट्ठा होकर नारेबाजी कर प्रदर्शन करने लगे। ग्रामीणों ने चुनाव का बहिष्कार करो और पुलिस मुर्दाबाद, हमारी मांगे पूरी करो संबंधी नारे भी लगाए। दोपहर डेढ़ बजे तक ग्रामीणों का प्रदर्शन जारी था। मौके पर कोई भी अधिकारी नहीं पहुंचा था। यहीं नहीं, शाम पांच बजे तक वहां एक भी वोट नहीं पड़ा। एसडीएम विजय नारायण ने कहा कि मतदान को देखते हुए गांव में सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे, परंतु लोग मतदान के लिए नहीं आए।