चंदौली। जिले में निराश्रित गोवंश आश्रय स्थलों की जांच करने के लिए शुक्रवार को शासन के नोडल अफसर डा. एके प्रसाद ने निरीक्षण किया। उन्होंने शुक्रवार को कठौड़ी स्थित स्थाई और 18 अस्थाई गो आश्रय स्थालों में पहुंचकर हकीकत को परखा। लेकिन सभी जगहों पर साफ-सफाई और पशुओं का स्वास्थ्य देखकर संतोष जताया। साथ ही चिकित्सकों के साथ बैठक करके जिले मेें टीकाकरण और टैगिंग के अभियान को तेज करने का निर्देश दिया।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा. एसपी पांडेय ने नोडल अफसर को बताया कि जिले में एक स्थाई ओर 18 अस्थाई गोवंश आश्रय स्थलों में कुल 1419 पशुओं को संरक्षित किया गया है। इसमें सभी पशुओं का टीकाकरण और टैगिंग का कार्य पूर्ण हो चुका है। जबकि ग्रामीण क्षेत्र में पशुपालकों के दस हजार पशुओं का टीकाकरण किया गया है। जबकि शेष पशुओं के टीकाकरण के लिए 37 टीमों को लगाया गया है। नोडल अफसर डा. एके प्रसाद ने कहा कि निराश्रित पशुओं को हरा चारा देने के लिए एसडीएम के माध्यम से जमीन चिह्नित कराने का प्रयास करें। वहीं मनरेगा के माध्यम से आश्रय स्थालों के पास खाली जमीनों को समतल कराकर चारा बुआई की व्यवस्था करें। ताकि संरक्षित पशुओं को हरा चारा उपलब्ध कराने में किसी प्रकार की दिक्कत का सामना नहीं करना पड़े। इस दौरान डिप्टी सीवीओ डा. महेश प्रसाद, डा. एके वैश्य, डा. पंकज सहित पशु चिकित्साधिकारी उपस्थित रहे।