क्षेत्र के खड़ान गांव स्थित श्री परमहंस बाबा प्रसन्नदास जी महाराज
सिद्धपीठ धाम में सिद्धपीठ समिति द्वारा आयोजित नौ दिवसीय श्री सिद्धपीठ
निर्वाण दिवस महोत्सव के दूसरे दिन सोमवार की सुबह करीब दस बजे गाजेबाजे के
साथ जल कलश यात्रा निकाली गई।
जिसमें शामिल 151 कन्याएं सिर पर
कलश रखकर कतारबद्ध होकर अन्य महिलाएं और पुरुष ‘हर-हर महादेव’ का जयघोष
करते हुए चल रहे थे। कलश यात्रा नरौली गंगा घाट पर पहुंचकर कन्याएं कलश में
जल भरकर पुन: आयोजन स्थल पर आकर जलाभिषेक किया।
ज्ञातव्य है कि नौ
दिवसीय सिद्धपीठ निर्वाण दिवस महोत्सव का शुभारंभ रविवार की शाम रामायण पाठ
से हुआ। महोत्सव के दूसरे दिन सोमवार की सुबह दस बजे धाम परिसर से कलश
यात्रा निकाली गई।
जो ओदड़ा-गारोपुर, सिंहावल बस स्टैंड और ब्लाक चौराहा
होते हुए नरौली घाट पहुंची। तत्पश्चात जलभराई के बाद कलशयात्रा आयोजन स्थल
पर आने के बाद अन्य धार्मिक कार्यक्रमों के रूप में तब्दील हो गई। इस संबंध
में समाजसेवी अंजनी सिंह ने बताया कि रात में कन्या भंडारा का आयोजन किया
गया है।
जिसमें 501 कन्याओं का पूजन अर्चन करने के बाद उन्हें भोजन कराया
जाएगा।
कहा कि 10 से 16 मार्च तक चलने वाले इस आयोजन में दिन में
श्रीमद्भागवत कथा और रात में विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति
की जाएगी।
इस अवसर पर बचाऊ सिंह, शमशेर सिंह, सुजीत सिंह, राजेश पासवान,
सुदर्शन पासवान, अजीत सिंह, सत्यवान मौर्य, वीरेंद्र प्रताप सिंह, उर्मिला
देवी, नीतू सिंह, कमला सिंह, राम बिंद, कल्पना यादव और निरहूं बिंद आदि
सैकड़ों भक्त उपस्थित रहे।