उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि औरंगजेब को आदर्श मानने वाले अपने बेटे का नाम औरंगजेब रख लें। कहा कि हम औरंगाबाद गए थे। वहां हमने देखा कि जो भी कब्र पर पहुंचता था, दो पत्थर मारता था। जिसके कब्र पर पत्थर मारा जाता हो, उसे सपा के नेता आदर्श कह रहे हैं।
बसपा की भाईचारा कमेटी को बहाल किए जाने के सवाल पर कहा कि इससे कोई फर्क नहीं पड़ने वाला। बसपा सिर्फ अपने लाभ के लिए भाईचारा कमेटी बनाना चाहती है।
कर्नाटक में मुसलमानों को चार फीसदी आरक्षण देने के सवाल पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जालीदार टोपी वालों मुसलमान भाइयों की हालत देश में सबसे ज्यादा खराब है। जालीदार टोपी वाले जब तक कांग्रेस और दूसरे दलों का झंडा और डंडा उठाते रहेंगे, तब तक अपनी पीठ पर डंडा खाते रहेंगे। उधर, कंदवा में आयोजित सभा में मंत्री संजय निषाद का कार्यकर्ताओं ने भव्य स्वागत किया।