चंदौली। खरीफ की खेती का सीजन शुरु हो गया है। ऐसे में खाद और बीज के लिए चारों तरफ डिमांड बढ़ गई है। मांग को देखते हुए कालाबाजारी करने वाले भी सक्रिय हो गए है। डीएम संजीव सिंह ने खाद और बीज कालाबाजारी रोकने के लिए टीम गठित करके छापेमारी का आदेश दिया है। बुधवार और बृहस्पतिवार को टीम ने छापेमारी करके अनियमितता बरतने वाले दो दुकानों का लाइसेंस निलंबित कर दिया। वहीं मानकों की अनदेखी करने पर चार उर्वरक विक्रेताओं को नोटिस देकर एक सप्ताह के अंदर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया।
कृषि उपनिदेश राजीव कुमार भारती ने बताया शासन की ओर से रासायनिक उर्वरकों का दाम निर्धारित किया गया है। ऐसे में दुकानदार पीओएस मशीन में किसान का विवरण दर्ज करने के बाद ही उचित दर पर खाद की बिक्री करेंगे। लेकिन कुछ दुकानदारों के द्वारा नियमों की अनदेखी की शिकायत मिल रही है। इसी को देखते हुए टीम ने बुधवार तथा बृहस्पतिवार को उर्वरक विक्रेताओं के दुकानों पर छापेमारी की। इस दौरान नगर स्थित पंकज खाद भंडार और अशोक फर्टिलाइजर फर्म के संचालक खाद बिक्री के लिए पीओएस मशीन दिखाने दिखाने में असमर्थ रहे। टीम ने दुकान से खाद का सैंपल लेने के साथ ही दोनों का लाइसेंस निलंबित कर दिया। बताया कि चार खाद की दुकानों पर मानक के अनुरुप रजिस्टर, उर्वरकों की कीमतों की सूची उपलब्ध नहीं रही। ऐसे में अफसरों ने चार दुकानों के संचालकों को नोटिस जारी करके एक सप्ताह के अंदर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया। उन्होने बताया कि खाद की काला बाजारी रोकने तथा उर्वरकों को सही दामों पर बेचने के लिए छापेमारी की जा रही है। दो दुकानों का लाइसेंस निलंबित तथा चार को नोटिस जारी किया है। स्पष्टीकरण नहीं देने पर दुकानादारों की पीओएस मशीन जब्त करने तथा अन्य कार्रवाई होगी।