कार्तिक पूर्णिमा पर इस वर्ष दुर्वासा धाम पर तीन दिवसीय मेला चार नवंबर से शुरू होगा। चार को बटोर, पांच को मुख्य स्नान तथा छह नवंबर को क्षेत्रीय मेला लगेगा। मेले की तैयारियों को लेकर बीते दिनों जिलाधिकारी रविंद्र कुमार एवं पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने स्थलीय निरीक्षण किया था और अधिकारियों को सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए थे। रविवार को मिर्जापुर ब्लॉक की ओर से कर्मचारियों की तैनाती कर मेला क्षेत्र की साफ-सफाई शुरू कर दी गई। दुर्वासा धाम मेला समिति के अध्यक्ष प्रेम गिरि ने बताया कि साफ-सफाई, बिजली और प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त की जा रही है। चार नवंबर तक सभी व्यवस्थाएं पूरी कर ली जाएंगी। मेले क्षेत्र में दुकाने और झूले सज गए हैं। र्वासा धाम में मंझुई नदी पर बने पुल के एक सिरे पर मिट्टी की कटान हो गई है, जिससे पुल और सड़क के बीच बड़ी दरार बन गई है। इस रास्ते से मेले के दौरान भारी संख्या में श्रद्धालु गुजरते हैं, जिससे किसी बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने इसे गंभीरता से लेते हुए डीपीआरओ को निर्देश दिया था कि संबंधित ब्लॉकों के सहयोग से मिट्टी भराई का कार्य कराया जाए, लेकिन अब तक यह काम शुरू नहीं हुआ है।