पूर्व मध्य रेलवे के महाप्रबंधक एके मित्तल ने शुक्रवार की सुबह करीब नौ बजे रेलवे स्टेशन का निरीक्षण किया।
इस
दौरान सर्कुलेटिंग एरिया, स्टेशन परिसर, प्लेटफार्म, रेलवे ट्रैक, आरक्षण
कार्यालय, रिटायरिंग रूम को भी देखा। कई जगह साफ-सफाई नहीं होने पर संबंधित
अफसरों की जमकर क्लास ली। डाउन यार्ड एवं न्यू वेस्ट केबिन का भी अवलोकन
कर संबंधित अधिकारियों को दिशा निर्देश दिए।
इसके बाद मंडल के अधिकारियों
संग मीटिंग के बाद विशेष सैलून में रवाना हो गए।
महाप्रबंधक एके मित्तल
गुरुवार की देर रात लगभग तीन बजे पटना पुणे एक्सप्रेस में लगे विशेष सैलून
से मुगलसराय रेलवे स्टेशन पहुंचे।
मंडल रेल प्रबंधक विद्याभूषण सहित अन्य
अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इसके बाद वह विश्राम के लिए गेस्ट हाउस
रवाना हो गए।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शुक्रवार की सुबह लगभग
नौ बजे महाप्रबंधक सबसे पहले सर्कुलेटिंग एरिया एवं यात्रियों के ठहरने के
लिए बनाए गए रिटायरिंग रूम का निरीक्षण किया।
इसके बाद वे प्लेटफार्म
संख्या 01 से 04 तक निरीक्षण किया। इस दौरान प्लेटफार्म के टूटे फर्श को
देख इंजीनियरिंग विभाग के प्रति नाराजगी जाहिर करते हुए उसे दुरुस्त कराने
का निर्देश दिया।
पानी पीने के लिए बने प्वाइंट पर गंदगी तथा दीवारों पर
जगह-जगह मकड़ी के झाले देख सफाई से संबंधित अधिकारियों की जमकर क्लास ली।
प्लेटफार्मों पर मौजूद वेटिंग रूम को अधिक साफ -सुथरा रखे जाने के बाबत
निर्देश दिए। मुसाफिर खाना होते हुए आरक्षण कार्यालय पहुंचे जहां टोकन से
टिकट दिए जाने के संबंध में जानकारी हासिल की।
इसके बाद यार्ड पहुंचे, जहां
डाउन यार्ड एवं न्यू वेस्ट केबिन एरिया का अवलोकन कर संबंधित अधिकारियों
को निर्देश दिए। वहां से लौटकर जीएम ने मंडल के अधिकारियों की मीटिंग ली।
इस दौरान डीआरएम विद्याभूषण, एडीआरएम वीआर विप्लवी, सीनियर डीओएम आधार राज,
सीनियर डीएससी रमेशचंद्र, सीआरएस राजेन्द्र राम समेत मंडल के कई अधिकारी
मौजूद रहे।
इनसेट
सिरदर्द बना टोकन सिस्टम !
मुगलसराय। रेलवे
स्टेशन स्थित आरक्षण कार्यालय में लगा टोकन सिस्टम या़त्री समेत डीआरएम के
लिए भी सिरदर्द बन गया है। आरक्षण कार्यालय के निरीक्षण के दौरान डीआरएम
विद्याभूषण ने जीएम को बताया कि इस सिस्टम के लगने के बाद से काफी शिकायतें
मिल रही हैं।
विदित हो कि टोकन को पहले भी लगाया गया था, लेकिन यात्रियों
से मिलने वाली शिकायतों के बाद उसे हटा दिया गया था। सू़त्रों की मानें तो
उस दौरान टोकन सिस्टम लगाने वाली कंपनी को पेमेंट नहीं किया जा सका था।
इसके बाद उच्चाधिकारियों की मिलीभगत से इस सिस्टम को पुन: लगा दिया गया,
ताकि कंपनी का पेमेंट हो सके।
इनसेट
छत टपकती देख सुनाई खरीखोटी
मुगलसराय।
रेलवे स्टेशन पर जीएम का पारा उस वक्त गरम गया जब रिटायरिंंग रूम के
निरीक्षण के दौरान उसकी छत से टपकते पानी की कुछ बूंदे महाप्रबंधक के कपड़े
पर गिर पड़ीं।
इसके बाद उन्होंने इंजीनियरिंग विभाग के अधिकारियों की
क्लास लगा दी। वहीं इसके पहले सर्कुलेटिंग एरिया में पहुंचने के बाद गांधी
मैदान में मौजूद गंदगी को देख सीनियर मेडिकल अधिकारी (सफाई) को जमकर
खरीखोटी सुनाई। हालंाकि स्टेशन एवं रेलवे ट्रैकों की साफ-सफाई से
महाप्रबंधक काफी असंतुष्ट दिखाई दिए।
इनसेट
आरक्षण कार्यालय को सजाने को कहा
मुगलसराय।
पूर्व मध्य रेलवे के महाप्रबंधक ने आरक्षण कार्यालय के निरीक्षण के दौरान
सूनी पड़ी दीवारों को देख उसे पेंटिंग से सजाने का डीआरएम को निर्देश दिया।
कहा कोई भी यात्री टिकट लेने आता है तो उसे अन्दर का नजारा अच्छा दिखाई
देना चाहिए।