गंगा का पानी जिले में तटवर्ती गांवों के खेतों तक पहुंच गया है। जिस रफ्तार से गंगा का जल स्तर बढ़ रहा है, उससे घरों तक पानी पहुंचने में समय नहीं लगेगा। वर्तमान समय में जिले में जलस्तर खतरे के निशान से मात्र एक मीटर नीचे है। सबसे अधिक परेशानी चारे को लेकर होने वाली है। जिला प्रशासन के अनुसार गंगा के जल स्तर पर निगाह रखी जा रही है और बाढ़ से निपटने के पूरे इंतजाम हैं।
पिछले चौबीस घंटे में गंगा का जल स्तर 52 सेमी ब़ढ़ा है। वर्तमान में गंगा का जल स्तर 71.16 सेमी है। जबकि जिले में गंगा के खतरे का निशान 71.26 है। प्रति घंटे गंगा के जल स्तर में तीन सेमी की बढ़ोत्तरी हो रही है। इससे तटवर्ती गांव के लोग भयभीत हैं। दुलहीपुर के कुंडा कला, कुंडा खुर्द, मवैया, छेमिया, भिसौडी आदि में पानी बढ़ रहा है। इसी तरह चहनियां क्षेत्र में बलुआ गंगा घाट, तीरगांवां गंगा घाट पर पानी बढने से खलिहानों में पानी घुसने लगा है। टांडा कला के मुस्तफाबाद, चकबोलन, मुकुंदपुर गांव के खलिहान तक गंगा का पानी पहुंच गया है।
हसनपुर तिरगांवा के खेतों तक पानी पहुंचने से मुश्किल हो रही है। गांव के उमाशंकर, गौरीशंकर, जंगबहादुर, धीरेन्द्र, जीतेन्द्र, दीपक, हरगोविंद, अजीत आदि ने बताया कि गांव के लोग पशुओं का चारा काट कर एकत्र कर रहे हैं। चहनियां विकास खंड के महरौड़ा, बलुआ, महुआरी, पूरा गनेश, पूरा विजयी, हसनपुर, मिश्रपुर सहित अन्य गांवों के सिवान में पानी पहुंचने लगा है।