पीडीडीयू नगर। जिले में इस मानसून की सबसे जोरदार बारिश शनिवार को हुई। सुबह छह बजे शुरू हुई बारिश दोपहर दो बजे बंद हुई। मौसम विभाग के अनुसार आठ घंटे में 7.1 एमएम बारिश हुई। खेतों में पानी भरने से किसानों के चेहरे खिल गए। धान की फसल के लिए यह बारिश संजीवनी की तरह थी। वहीं, जगह-जगह जलभराव और कीचड़ से लोग परेशान रहे। कई इलाकों में मकान और पेड़ गिरने से बिजली आपूर्ति बाधित हुई।
पिछले एक सप्ताह से कड़ी धूप की वजह से धान के खेतों में दरारें पड़ने लगी थीं। शनिवार की सुबह बादल छाने के बाद जोरदार बारिश शुरू हुई तो लोगों ने राहत की सांस ली। लगातार आठ घंटे तक बारिश होने से मौसम सुहाना हो गया। कुल 7.1 एमएम बारिश दर्ज की गई। खेतों में पानी भरने से किसानों के चेहरे खिल गए। हालांकि शहरी इलाकों में में कीचड़ और जलभराव के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। इससे पहले जून में एक दिन में चार घंटे बारिश हुई थी।
टांडाकला क्षेत्र के मुस्तफापुर गांव में शनिवार को तेज आंधी और बारिश में पेड़ मुख्य मार्ग पर गिर गया जिससे आवागमन बाधित हो गया। वहीं, तार टूट जाने के कारण कई गांव की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। तीन घंटे के बाद विद्युत निगम के कर्मचारियों ने पेड़ काटकर हटाया और तार जोड़कर आपूर्ति बहाल की। जेई हर्षित राय ने बताया कि आंधी से कई जगह पेड़ गिरने के कारण अलीनगर फीडर की आपूर्ति ठप हो गई थी। तार जोड़कर आपूर्ति बहाल की जा रही है। चकिया कोतवाली क्षेत्र के सैदूपुर कस्बा में दिव्यांग शशिकांत का कच्चा घर शुक्रवार की रात गिर गया। हालांकि इससे जान माल की क्षति नहीं हुई, लेकिन परिवार खुले आसमान के नीचे आ गया। घटना की सूचना प्रशासन को दे दी गई है। ग्राम प्रधान शीला गुप्ता ने दिव्यांग परिवार की माली हालत को देखते हुए जिला प्रशासन से आवास मुहैया कराने का मांग की है।