कांवड़ यात्रा के लिए मंगलवार की सुबह तक लागू रहेगी रूट डायवर्जन
सावन माह के पहले सोमवार को बाबा विश्वनाथ को जलाभिषे के लिए जाने वाले कांवड़ियों की सुविधा को देखते हुए जिले में रूट डायवर्जन लागू किया गया है। शनिवार की रात आठ बजे से लागू रूट डायवर्जन मंगलवार की सुबह छह बजे तक लागू रहेगी।
सीओ कृष्ण मुरारी शर्मा के अनुसार रूट डायवर्जन के तहत चंदौली से आने वाले सभी प्रकार के वाहन जो वाराणसी की तरफ आलमपुर अंडरपास, आलमपुर तिराहा, चकिया तिराहा, कस्बा मुगलसराय होते हुए जाने वाले हैं, उन वाहनों को आलमपुर अंडरपास से ही डायवर्ट कर दिया जाएगा और वे हाईवे से होते हुए अखरी बाईपास से वाराणसी जाएंगे।
इसी तरह बिहार, चंदौली और बबुरी की तरफ से आने वाले ऐसे वाहन जिन्हें वाराणसी को जाना है वे गोधना चौराहा से डायवर्ट होकर अखरी बाईपास से वाराणसी जाएंगे।अलीनगर की तरफ से चकिया तिराहा, पडृाव होते हुए वाराणसी जाने वाले वाहनों को गंजी प्रसाद चौराहा (चकिया तिराहा) से गोधना चौराहे की ओर डायवर्ट किया जाएगा। पीडीडीयू से पडृाव होते हुए वाराणसी जाने वाले वाहन रामनगर की तरफ डायवर्ट किए जाएंगे। कटरिया तिराहे से रामनगर पड़ाव की ओर जाने वाले सभी बड़े वाहनों का प्रवेश निषेध रहेगा।
खड़ेहरा में बह रहा गंदा पानी सड़क पर कैसे चले कांवड़िया सकलडीहा कोतवाली के चतुर्भुजपुर स्थित बाबा काल
- फोटो : अमर उजाला
खड़ेहरा में बह रहा गंदा पानी सड़क पर कैसे चले कांवड़िया
सकलडीहा कोतवाली के चतुर्भुजपुर स्थित बाबा कालेश्वर नाथ मंदिर पर सावन माह में जलाभिषेक के लिए हजारों की संख्या में शिव भक्त आते है। हर रविवार को बलुआ पश्चिमी वाहिनी गंगा से जल लेकर आते हैं। शासन प्रशासन की लापरवाही के कारण ख़ड़ेहरा गांव के समीप खराब सड़क के बीच होकर जाना पड़ेगा। गांव के नाबदान का पानी भी सड़क पर बह रहा है। पिछले दो साल से चंदौली सैदपुर मार्ग पर फोरलेन बनाने का काम चल रहा है।
खड़ेहरा गांव के ग्रामीणों ने मुआवजा की मांग को लेकर मकान तोड़ने पर रोक लगा दिया था। कार्यदायी संस्था ने दो तरफ नाला नहीं बनाया जिसके कारण गांव के नाबदान का पानी सड़क पर बन रहा है। सावन माह में हर सोमवार को बाबा कालेश्वर नाथ मंदिर पर जलाभिषेक के लिए सैकड़ो कांवड़िया पैदल जल लेकर जाते है। इन लोगों को गंदे पानी से होकर जाना पड़ेगा। गांव के संतोष सिंह, मोनू पटेल, दीपू कुमार, रविन्द्र शर्मा, अतुल मिश्रा, राहुल विश्वकर्मा, सिंटू कुमार आदि ने इसे ठीक कराने की मांग की है।