चंदौली जिले के बबुरी थाना क्षेत्र के बौरी गांव में बृहस्पतिवार की देर रात मंजन खरीदने को लेकर पति-पत्नी में विवाद हो गया। इससे नाराज पत्नी नेहा (24) ने अपनी दो साल की मासूम बेटी सावित्री (02) के साथ विषाक्त पदार्थ का सेवन कर लिया। दोनों की हालत खराब देख परिजनों ने जिला अस्पताल पहुंचाया, वहां डॉक्टरों ने बेटी को मृत घोषित कर दिया। जबकि महिला की हालत गंभीर होने पर ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया, जहां इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई।
बौरी गांव निवासी स्व मंगल विश्वकर्मा के दो बेटे और पांच बेटियां है। बड़ा बेटा संतोष और छोटा बेटा राकेश है। राकेश मजदूरी का काम करता है। इसकी शादी घरचित निवासी राम नारायण की बेटी नेहा से 2017 में हुई थी। परिवारवालों के अनुसार अनुसार नेहा एक विशेष प्रकार के मंजन के उपयोग की आदती थी। लॉकडाउन की वजह से बाजार में मंजन नही मिल पा रहा था। नेहा पति से मंजन लाने के लिए जिद कर रही थी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच बृहस्पतिवार की रात विवाद भी हुआ था।
इससे क्षुब्ध नेहा ने घर मे गेंहू में रखी जाने वाली कीटनाशक दवा का सेवन अपने सहित बेटी को को करा दिया। दोनों की हालत खराब होने लगी। पति राकेश का कहना है की वह टीवी देख रहा था। पत्नी की उल्टी करने की आहट पर बाहर आकर देखा तो हालत खराब थी।
इसके बाद परिजन आनन फानन में जिला अस्पताल ले गए जहां मासूम की मौत हो गई। वही महिला को ट्रामा सेंटर भेजा गया था, जहां इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। महिला के मायके वाले भी पहुंच गए है। मायके वालों की ओर से कोई तहरीर अभी नही दी गई है। घटना की जानकारी पुलिस को दे दी गई है।