अवधेश यादव ने कहा कि स्पीड संस्था पूरे देश में गरीब बच्चों को शिक्षित
करने, सिलाई व कढ़ाई जैसे गुर सिखाने के साथ कम्प्यूटर शिक्षा देने का
कार्य कर रही है।
कहा कि गरीब परिवार में जन्मे बच्चे धनाभाव के कारण
शिक्षा से दूर रह जाते हैं। यह गंभीर चिंता का विषय है। सरकार गरीब तबके के
बच्चों को शिक्षा से जोड़ने के लिए मिड-डे-मिल, हॉड कूक्ड जैसी योजनाएं
संचालित कर रहा है, लेकिन भ्रष्टाचार के कारण योजनाओं का लाभ गरीब बच्चों
तक नहीं पहुंच पा रहा है।
जिला समन्वयक हरिहर पाठक ने कहा कि बाल विकास
एवं ग्राम पंचायतों के समुचित विकास के लिए तमाम समितियों का गठन हुआ है,
लेकिन आमजनता को इनके बारे में जानकारी नहीं है।
पंचायत विभाग से जुड़े
कर्मियों ने बाल विकास में पंचायती राज व्यवस्था की समितियों के सहयोग का
वर्णन किया। वहीं स्वास्थ्य विभाग ने टीकाकरण, प्रसव, स्वास्थ्य जांच के
बारे में चर्चा की। इस मौके पर डा. जयकुमार, डा. आत्मप्रकाश, आशीष रघुवंशी,
रवि पांडेय, नंदीन शुक्ला, कुमारी देवी, रोशन आरा, रीमा देवी, राजन
पासवान, पवन गुप्ता आदि उपस्थित रहे।