जीआरपी मुगलसराय ने शनिवार की देर रात चेकिंग के दौरान पूर्वी आउटर पर संदिग्ध अवस्था में खड़े तीन आरोपियों को 385 ग्राम नशीला पावडर के साथ पकड़ा। तलाशी में उनके पास से 5500 रुपये नकद भी बरामद हुए। जीआरपी ने रविवार को सभी तीनों आरोपितों को कोर्ट में प्रस्तुत किया जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
जीआरपी इंस्पेक्टर त्रिपुरारी पांडेय ने बताया कि उप निरीक्षक दिलदारनगर आशुतोष तिवारी, उपनिरीक्षक राजेंद्र सिंह, उमाशंकर यादव, कांस्टेबल जितेंद्र सिंह, घुरहू यादव के साथ प्लेटफार्म पर संदिग्धों की जांच कर रहे थे। इसी बीच मुखबिर से सूचना मिली कि पूर्वी आउटर पर तीन लोग संदिग्ध अवस्था में खड़े हैं। सूचना मिलते ही पूरी टीम बताए स्थान पर पहुंच तो पुलिस को देख सभी भागने लगे। उन्हें भागते देख पुलिस ने दौड़ाकर पकड़ लिया और थाने ले आए। तलाशी लेने पर उनके पास से करीब चार सौ ग्राम नशीला पावडर और 5500 रुपये नकद बरामद हुए। कड़ाई से पूछताछ में उन्होंने बताया कि वे ट्रेनों में यात्रियों को नशीला पावडर खिलाकर उन्हें बेहोश कर उनके मोबाइल, पर्स, बैग, सूटकेस आदि उठाकर चलते बनते हैं। उनका कार्य क्षेत्र बिहार के बक्सर, मुगलसराय, वाराणसी, चुनार तक है। आउटर पर वे किसी ट्रेन का इंतजार कर रहे थे जीआरपी के हत्थे चढ़ गए। आरोपियों में महेश डोम, निवासी कालीमहाल मुगलसराय, संतोष डोम निवासी सरेसर, अलीनगर तथा दानिश खां निवासी दिलदारनगर, गाजीपुर के हैं।
त्रिपुरारी पांडेय ने बताया कि सभी तीनों आरोपियों को संबंधित धाराओं में चालान कर कोर्ट में प्रस्तुत किया गया जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।