मुगलसराय। दो वर्ष पूर्व अपनी पत्नी की हत्या कर फरार चल रहे न्यू सेंट्रल कालोनी निवासी फार्मासिस्ट कृष्ण मोहन चौधरी को पुलिस ने गुरुवार की रात यूरोपियन कालोनी से पकड़ा। शुक्रवार को आवश्यक कार्रवाई के बाद पुलिस ने उसे न्यायालय में पेश किया जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस ने कृष्ण मोहन के ऊपर पांच हजार रुपये का ईनाम भी घोषित कर रखा था।
पुलिस के अनुसार लखनऊ के गोमती नगर निवासी शिव शंकर प्रसाद ने अपनी पुत्री दीक्षा की शादी गोरखपुर निवासी त्रिभुवन नाथ प्रसाद के पुत्र कृष्ण मोहन चौधरी से नंवबर 2014 में की थी। मंडल लोको अस्पताल में फार्मासिस्ट पद पर तैनात कृष्ण मोहन कुछ समय बाद पत्नी दीक्षा संग मुगलसराय स्थित न्यू सेंट्रल कालोनी में रहने लगा। किसी बात को लेकर उपजे विवाद के बाद कृष्णा ने 12 जून 2015 को अपनी पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद वह किसी से बिना कुछ बताए पत्नी के शव को गोरखपुर ले गया। वहां पहुंचकर उसने दीक्षा की मौत की सूचना उसके परिवार वालों को दी। बाद में वहीं उसका दाह संस्कार कर दिया गया। इसी बीच महिला के पिता को मौत की सच्चाई पता चली तो उन्होंने मुगलसराय कोतवाली में अपने दामाद कृष्ण मोहन व उसके पिता के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया। मामले दर्ज होने के बाद से दोनों आरोपी फरार चल रहे थे। पुलिस ने बताया कि गुरुवार की रात रेलवे पुलिस चौकी प्रभारी मनोज पांडेय को सूचना मिली की कृष्ण मोहन यूरोपियन कालोनी में किसी से मिलने आया हुआ। जिसके बाद पुलिस ने जाल बिछा कर उसे पकड़ लिया और कोतवाली ले आए। सीओ सदर त्रिपुरारी पांडेय ने बताया कि इसके पत्नी की हत्या के मामले में फरार चल रहे आरोपित पति कृष्ण मोहन को गिरफ्तार कर शनिवार को जेल भेज दिया गया है।
ुलिसकर्मी द्वारा चोर को छोड़े जाने की चर्चा
मुगलसराय (ब्यूरो)। रेलवे पुलिस चौकी प्रभारी द्वारा ईनामिया फरार हत्यारोपी को पकड़कर भले ही अपनी पीठ थपथपा ली गई हो लेकिन उनकी नाक के नीचे पकड़े गए एक मोबाईल चोर को छोड़ने का मामला भी काफी चर्चा का विषय बना हुआ है। क्षेत्रीय लोगों के अनुसार रेलवे पुलिस चौकी में तैनात एक पुलिसकर्मी शुु्क्रवार की भोर में एक क्वार्टर से मोबाईल चोरी के आरोप में एक युवक को धर दबोचा। चर्चा हैं कि पुलसिकर्मी ने उसे कुछ देर बाद पूछताछ करके छोड़ दिया।