चंदौली। जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण के लिए सीएम पोर्टल की शुरुआत की गई, लेकिन अधिकारी और कर्मचारी बगैर जांच किए ही मामलों का निस्तारण कर दे रहे हैं। सदर तहसील के कांटा निवासी अनिल कुमार की शिकायत पर भी ऐसा ही किया गया है। तहसील दिवस और सीएम पोर्टल पर ग्राम समाज की जमीन पर से कब्जा हटाने के लिए दिए आवेदन को लेखपाल की ओर से रिपोर्ट लगाते हुए निस्तारित कर दिया गया।
सदर तहसील के कांटा गांव निवासी अनिल कुमार ने बताया कि उनके गांव के लगभग आठ बिस्वा सरकारी जमीन पर गांव के ही कुछ लोगों का कब्जा है। वे कई सालों से उस पर काबिज हैं। इसी जमीन को कब्जा मुक्त कराने के लिए उसने कई बार डीएम से लगायत तहसील के अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। गत 19 मार्च को पोर्टल पर शिकायत की। इसके बाद उसे 18 अप्रैल को निस्तारित दिखा दिया गया। जबकि कब्जा बरकरार है। इसके बाद फिर चार सितंबर को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस और 24 सितंबर को सीएम के पोर्टल पर आवेदन करके जमीन को खाली करने की गुहार लगाई थी। लेकिन हलके के लेखपाल ने गलत रिपोर्ट लगाकर उनके आवेदन को निस्तारित कर दिया। वास्तव में कब्जा अभी भी है।
कोट.....
मामला उनके संज्ञान में नहीं है। संबंधित लेखपाल से शिकायत से जुड़ी पत्रावली तलब करके जांच की जाएगी। आवेदक की शिकायत सही पाई गई तो संबंधित लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। फूलचंद्र यादव तहसीलदार सदर ।