शिकारगंज। क्षेत्र के पचफेड़िया गांव में शनिवार की देर रात भूमि विवाद में दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष हो गया। इस संघर्ष में लाठी-डंडे तथा धारदार हथियार का प्रयोग किया गया, इसमें पांच लोग घायल हो गए। सभी को देर रात चकिया जिला संयुक्त चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। यहां घायलों की हालत गंभीर होने पर उन्हें चिकित्सकों ने बीएचयू के ट्रामा सेंटर के लिए रेफर कर दिया।
पचफेड़िया गांव में पिछले कई वर्षों से पट्टीदार की जमीन पर छविनाथ यादव तथा रामधनी यादव के बीच छह बीघे भूमि को लेकर विवाद चल रहा था। जमीन का रेट तथा मालगुजारी वर्तमान में छविनाथ के नाम से कट रहा है। कुछ वर्षों पूर्व रेट मालगुजारी कुछ दिन के लिए रामधनी के नाम से भी कटा था। जमीन पर वर्तमान में रामधनी यादव का कब्जा है। दोनों पक्षों में न्यायालय में मुकदमा भी विचाराधीन है। इस विवाद के दौरान एसडीएम प्रदीप कुमार ने कुछ दिनों पहले दोनों पक्षों की बैठक कर उन्हें जमीन पर जाने से मना कर दिया था। रामधनी यादव के पक्ष के लोगों ने शनिवार की देर रात खेत को रोपने के लिए धान के पौधों को खेत में पहुंचाने का काम शुरू कर दिया। छविनाथ के पक्ष के लोगों ने इसका विरोध किया। इस पर दोनों पक्षों में खूनी संघर्ष हो गया। इस संघर्ष में रामधनी यादव (60), उनका पुत्र कमलेश यादव (45), विनोद यादव (38) तथा पौत्र बब्बू यादव (17) एवं दूसरे रामधनी के पक्ष के रिश्तेदार मुड़हुआ दक्षिणी गांव के निवासी रमेश यादव (34) घायल हो गए। सूचना मिलने पर पहुंची चकिया कोतवाली पुलिस एवं शिकारगंज चौकी पुलिस ने घायलों को चकिया जिला संयुक्त चिकित्सालय में भर्ती कराया। यहां हालत गंभीर होने पर सभी घायलों को बीएचयू ट्रामा सेंटर के लिए रविवार को रेफर कर दिया गया। दोनों पक्षों की ओर से कोतवाली में तहरीर दी गई है। पुलिस क्षेत्राधिकारी कुंवर प्रभात सिंह ने बताया कि इस प्रकरण में एक पक्ष के छह तथा दूसरे पक्ष के चार लोगों पर नामजद एवं दोनों पक्षों के 12 अज्ञात पर मुकदमा दर्ज किया गया है तथा गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।