पीडीडीयू नगर। कोरोना के बढ़ते प्रभाव के बीच प्रदेश सरकार ने कोरोना कर्फ्यू की अवधि 24 मई की सुबह सात बजे तक कर दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंत्रिमंडल के सदस्यों के साथ बैठक के बाद इनको और बढ़ाने का निर्णय लिया है। कोरोना के मामलों में कमी आने के बाद लोग कर्फ्यू में कुछ ढील की आस लगाए थे। हालांकि लोगों ने इस फैसले को जरूरी बताया।
कोरोना के तेजी से फैलाव को देखते हुए 30 अप्रैल से प्रदेश सरकार ने कोरोना कर्फ्यू लागू कर दिया था। शुरूआत में इसे साप्ताहिक घोषित किया गया और इसे तीन मई की सुबह सात बजे तक लागू रहना था लेकिन इसको बढ़ाकर पहले छह मई, फिर 10 मई तक कर दिया गया था। बाद में कर्फ्यू को 17 मई की सुबह सात बजे तक बढ़ा दिया गया। कोरोना कर्फ्यू लागू होने के बाद कोरोना संक्रमितों की संख्या में कमी आई है। संक्रमितों की घटती संख्या को देखते हुए लोगों को लग रहा था कि 17 के बाद कर्फ्यू समाप्त होगा लेकिन शनिवार को मंत्रीमंडल की बैठक में इसे 24 मई की सुबह सात बजे तक बढ़ा दिया गया। इससे लोगों में थोड़ी बहुत निराशा है लेकिन लोग इस फैसले को स्वास्थ्य के लिहाज से अच्छा भी मान रहे हैं। मवई खुर्द निवासी रामसेवक ने बताया कि कोरोना कर्फ्यू की अवधि बढ़ाना अच्छा निर्णय है। वहीं सरेसर निवासी रामकिशुन ने कहा कि कोरोना के मामले में विशेषज्ञों ने 15 मई तक स्थिति गंभीर बताया था। इसका असर भी दिख रहा है नए संक्रमितों की संख्या कम हो रही है। ऐसे में सरकार को कुछ छूट देनी चाहिए थी। कैलाशपुरी निवासी आशुतोष मिश्रा ने कहा कि बंदी की वजह से लोगों को मुश्किल का सामना करना पड़ रहा है। एक निश्चित अवधि के लिए सभी प्रकार के दुकानों को खोलने देना चाहिए। भोगवार निवासी रविंद्र पटेल ने कहा कि बाजार खुलते ही जिस तरह भीड़ जमा हो रही है। ऐसे में बचाव के लिए कर्फ्यू को बढ़ाना ही एक मात्र उपाय है। इसे सख्ती से लागू किए जाने की जरूरत है।