कायस्थ समाज के लोगों ने शुक्रवार को भगवान चित्रगुप्त की पूजा विधि विधान से की। शोडषोपचार विधि विधान से पजून अर्चना किया। नगर के बाकले प्रमोदशाला, पटेलनगर, और मानसनगर स्थित मानस सेवा संस्थान में पूजन अर्चन किया गया। कायस्थ समाज के लोगों ने घरों में भी पुरोहितों को बुलाकर विधि विधान से पूजन अर्चन कर आरती उतारी और प्रसाद का वितरण किया।
बाकले प्रमोदशाला में समाज के बच्चों ने मंडल रेल प्रबंधक विद्याभूषण की मौजूदगी में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया और समाज की ओर से मेधावी छात्रों को सम्मानित किया गया।
कायस्थ समाज के लोग पाप पुण्य का लेखा जोखा रखने वाले भगवान चित्रगुप्त की पूजा विधि विधान से करते हैं। इस दिन कायस्थ समाज के लोग कलम दवात की पूजा कर दिन भर लेखनी से दूर रहते हैं। चित्रगुप्त पूजनोत्सव समिति की ओर से रेलवे के बाकले प्रमोदशाला में पंडाल बनाकर चित्रगुप्त भगवान की भव्य प्रतिमा स्थापित की गई। दोपहर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच समाज के लोगों ने कलम दवात की पूजा अर्चना की और आरती उतार कर कथा सुनी।
शाम के वक्त समाज की ओर से सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। वहीं मेधावी छात्रों को मेडल दे कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की शुरूआत मंडल रेल प्रबंधक विद्याभूषण ने की। इस दौरान वरीय मंडल अभियंता अशोक कुमार, वरीय मंडल यांत्रिक अभियंता अंबरेंद्र कुमार, साकेत चंद्र श्रीवास्तव, सुनील श्रीवास्तव, राकेश श्रीवास्तव, विकास रंजन आदि मौजूद रहे।
कायस्थ परिवार की ओर से पटेलनगर स्थित शैलेंद्र श्रीवास्तव के आवास पर विधि विधान से चित्रगुप्त और कलम दवात की पूजा अर्चना की गई। गोष्ठी में समाज के उत्थान पर चर्चा की गई। कहा कि अपनी लेखनी के बल पर समाज के लोगों ने हमेशा देश में अग्रणी स्थान पर रहे हैं। समाज के लोगों में एकता आ रही है। प्रदेश सरकार ने चित्रगुप्त पूजा पर सार्वजनिक अवकाश की घोषणा की। यही नहीं कायस्थ महासभा के लिए लखनऊ में एक कार्यालय के लिए एक कक्ष और उसकी साज सज्जा के लिए पांच लाख रुपये देने की घोषणा की। देवेंद्र श्रीवास्तव, विनोद कुमार श्रीवास्तव, विजय कुमार, विंदू, विक्रम, विकास, गिरीश कुमार, अभिषेक, विशाल, विवेक आदि उपस्थित रहे।