विभिन्न मांगों को लेकर शुक्रवार को बैंक की देशव्यापी हड़ताल रही जिससे
बैंकों के ताले नहीं खुले। जनपद में हड़ताल के चलते करोड़ों रुपए का
कारोबार प्रभावित हुआ।
जानकारी के अभाव में उपभोक्ता बैंक में
पहुंचे, लेकिन बैक बंद होने के कारण उन्हें मायूस होकर वापस होना पड़ा।
एम्प्लाइज यूनियन के सदस्य एके सिंह और एडीएम शिवकुमार शर्मा ने बताया कि
हड़ताल से करीब 150 करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित हुआ है।
हड़ताल की वजह
से उपभोक्ता जहां शुक्रवार को परेशान दिखे वहीं शनिवार और रविवार को भी
बैंकों के बंद रहने से उन्हें लेन-देन के लिए और परेशान होना पड़ेगा।
आल
इंडिया एम्पलाइज एसोसिएशन को आह्रवान पर 08 जनवरी को विभिन्न मांगो को
लेकर बैंक बंद रखे जाने की घोषणा की थी। जनपद में शुक्रवार को दर्जन भर
बैंकों के लगभग 150 शाखाओं के ताले नहीं खुले।
हड़ताल के चलते कर्मचारी
कार्य से विरत रहे और कार्यालय के समक्ष बैठ कर मंत्रणा करनें में लीन रहे।
सुबह दस बजे लोग बैंकों में अपने-अपने कार्य के लिए पहुंचे तो ताला लटका
देख भौंचक रह गये। कुछ देर इंजतार करने के बाद लोगों को जब यह पता चला कि
आज बैंक की हड़ताल है तो सभी निराश होकर वापस चले गये।
उपभोक्ताओं का
कहना था कि सूचना नहीं होने के कारण उन्हें आगे दो दिन और भी परेशानियों का
सामना करना पड़ेगा। कहा कि 09 जनवरी को सेकेंड शनिवार व 10 जनवरी को
रविवार होने के चलते साप्ताहिक अवकाश रहेगा।
बैंक कर्मचारियों और एडीएम की
मानें तो शुक्रवार को जनपद में 150 करोड़ रुपये से अधिक का व्यापार
प्रभावित हुआ। ट्रांजेक्शन न होने व चेक एवं ड्राफ्ट क्लीयरेंस नहीं होने
के चलते व्यापारियों को परेशानी उठानी पड़ी। वहीं आगामी तीन दिनों तक हाथ
पर हाथ धरे बैठे रहेंगे। वहीं एटीएम पर दबाव बना रहा।
व्यापारियों का कहना
है कि बैंक के कामकाज ठप होने के कारण वे दूसरे व्यापारी के पास रकम नहीं
भेज सके जो कि व्यापार की दृष्टि से उचित नहीं रहा। मुगलसराय में ही लगभग
आधा दर्जन बैंक की शाखाए कार्यरत है जहां स्थानीय व्यपारी कोल मंडी से लेकर
नगर के व्यवसायी करोड़ो रुपए के लेन देन करते है।
लगातार तीन दिनों बंदी
कारोबार को और प्रभावित करेगी। वहीं जनपद में भी विभिन्न बैंको की शाखाओं
में जमा व निकासी में परेशानी का सामना करना पड़ा।