गाडगे की जयंती पर मंचासीन अतिथिगण।
उत्तर प्रदेश धोबी कल्याण समिति की ओर से गुरुवार को बाबा संत गाडगे की जयंती मुख्यालय स्थित सावजी के पोखरे पर मनायी गयी। इस दौरान समिति के सदस्यों ने संत गाडगे की जीवनी पर प्रकाश डाला और समाज के उत्थान के लिए एकजुट होने का आह्वान किया। इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा संत गाडगे ने गरीबों का भला करने में अपना पूरा जीवन गुजार दिया। उन्होंने भूखों को भोजन दिया और प्यासे को पानी। इस भावना की सराहना करनी चाहिए। इसके अलावा गरीब बच्चे-बच्चियों को शिक्षित करने में बहुत बड़ा योगदान दिया। उन्होंने शिक्षा के महत्व को समझा और उसे गरीब लोगों को समझाकर न केवल जागरूक किया, बल्कि शिक्षा के संसाधन सृजित कर गरीब तबके के बच्चों में शिक्षा की अलख जगाई।
उनका यह योगदान सराहनीय रहा। लालता प्रसाद कन्नौजिया ने कहा कि बाबा संत गाडगे देश व समाज में समानता लाना चाहते थे, इसलिए उन्होंने गरीबों को सामाजिक, आर्थिक व राजनीतिक हक दिलाने की भरपूर कोशिश की। आज हम सभी को उनके सोच को आगे बढ़ाना होगा, तभी देश व समाज में समानता आएगी। आह्वान किया कि धोबी समाज एकजुट होकर संघर्ष करे, तभी हम सभी को अपना अधिकार मिल सकेगा। इसके अलावा हमें अपनी अगली पीढ़ी को शिक्षित बनाकर उनके भविष्य को उज्ज्वल बनाना होगा।
इस अवसर पर बीके त्यागी, अरुण, धीरज, मुकेश, परमेश्वर, संजय, बैजनाथ, रामकिशुन चौधरी, तेरसु राम आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन दुलारे राम कन्नौजिया व सुजीत कुमार ने संयुक्त रूप से किया।