ढून्नू गांव निवासी रामनिहोर विश्वकर्मा की रिहायशी मड़ई के पास लगे बिजली के खंभे पर 440 वोल्ट की केबल गर्मी के कारण जलने लगी। बताया जा रहा है कि केबल से निकली चिंगारी उड़कर मड़ई पर गिर गई, जिससे उसमें आग लग गई। तेज हवा के कारण आग ने कुछ ही देर में विकराल रूप धारण कर लिया और पूरी मड़ई धू-धू कर जलने लगी।
आग लगने के समय मड़ई में चार बकरियां बंधी हुई थीं। अचानक आग लगने से उन्हें बाहर निकालने का मौका नहीं मिल सका, जिससे चारों बकरियों की झुलसकर मौत हो गई। इसके अलावा साइकिल, चौकी, कपड़े तथा अन्य घरेलू सामान भी जलकर राख हो गए। पीड़ित परिवार ने हजारों रुपये के नुकसान की आशंका जताई है।
आग की लपटें और धुआं उठता देख आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और बाल्टी तथा पाइप से पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। ग्रामीणों की तत्परता के बाद आग पर काबू पा लिया गया।
समाजसेवी राजीव विश्वकर्मा ने जिला प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता और मुआवजा देने की मांग की है। वहीं ग्रामीणों ने विद्युत विभाग से जर्जर तारों की मरम्मत कर ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने की मांग उठाई है।