सकलडीहा। उपजिलाधिकारी जितेन्द्र मोहन सिंह ने बुधवार की सुबह कई सरकारी दफ्तरों में औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान डेढ़ दर्जन अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। अनुपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों से एसडीएम ने तीन दिन के अंदर स्पष्टीकरण मांगा है। साथ ही चेताया कि निर्धारित समय के अंदर स्पष्टीकरण नहीं मिला तो कार्रवाई की जाएगी।
उपजिलाधिकारी जितेन्द्र मोहन सिंह बुधवार की सुबह दस बजकर बीस मिनट पर तहसील कार्यालय पहुंचे, तो उन्होंने सबसे पहले कर्मचारियों की उपस्थिति पंजिका का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान आठ कर्मचारी दीनदयाल श्रीवास्तव, अवधेश लाल, अब्दुल मोहित, परमानन्द यादव, एकरामदीन, रोहित सिंह, मूसे मुहम्मद जानी व श्रीनारायण लाल के अनुपस्थित मिले। उन्होंने रजिस्ट्रार कानूनगो गुरुप्रसाद से सभी आठ अनुपस्थित कर्मचारियों से तीन दिनों के अंदर स्पष्टीकरण मांगा है।
इसके बाद उपजिलाधिकारी ने 11 बजे विकास खंड कार्यालय पर पहुंचकर उपस्थित रजिस्टर की जांच शुरू की। यहां बीडीओ जगदीश नारायण त्रिपाठी, एडीओ पंचायत रामनगीना सिंह व एडीओ एसटी अब्दुल गनी नदारद मिले। उन्होंने एकाउटेंट सियालाल से पूछा कि बीडीओ के न होने पर कार्य कौन देखता है तो वे मौन रहे। लगभग एक घंटे के निरीक्षण के पश्चात एसडीएम जितेन्द्र मोहन सिंह दोपहर बारह बजे बाल विकास परियोजना कार्यालय का निरीक्षण करने पहुंचे। वहां पर सीडीपीओ सरोज श्रीवास्तव, नूतन शर्मा, धर्मराज सिंह, मूरती देवी और अरुंधती सिंह अनुपस्थित रहे। उपजिलाधिकारी जितेन्द्र मोहन सिंह ने कहा कि कई बार विभागीय अधिकारी व कर्मचारियों के अनुपस्थित रहने की सूचना मिल रही थी। इसलिए औचक निरीक्षण किया गया। आगे भी निरीक्षण जारी रहेगा।