चंदौली। धान क्रय ऐजेंसियों की मनमानी से जिले में धान खरीद की प्रगति काफी खराब है। इसमें पीसीएफ की खरीद भी शामिल है। पीसीएफ के सभी 26 केंद्रों के द्वारा मात्र 347 मीट्रिक धान क्रय किया गया है। जो लक्ष्य के सापेक्ष मात्र एक प्रतिशत से कुछ अधिक है। जबकि एक माह से अधिक का समय गुजर चुका है। जिला विपणन विभाग अब धीमी खरीद की रिपोर्ट के साथ ही संबंधित विभाग के खराब प्रगति पर कार्रवाई के लिए शासन को पत्र लिखेगा।
धान क्रय करने के लिए जिले में आठ एजेंसियों के 68 केंद्र खोले गए हैं और एक लाख 83 हजार तीन सौ एमटी का लक्ष्य निर्धारित है। लेकिन इसमें सबसे अधिक पीसीएफ के 26, यूपी एग्रो के नौ, विपणन शाखा के नौ, कर्मचारी कल्याण निगम के पांच, एनसीसीएफ के छह, नैफेड के चार, पीसीयू के आठ और एफसीआई के द्वारा एक क्रय केंद्र खोला गया है। पीसीएफ को धान क्रय के लिए 28 हजार पांच सौ एमटी का लक्ष्य दिया गया है। लेकिन सात दिसंबर तक उसके सभी 26 केंद्रों पर मात्र तीन सौ 47 एमटी धान क्रय किया गया है। वहीं अन्य ऐजेंसियों द्वारा कुल छह सौ 89 किसानों से पांच हजार तीन सौ 67 एमटी धान किसानों से खरीदा जा चुका है। ऐसे में जिले की सबसे बड़ी क्रय ऐजेंसी के कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं।
इनसेट
किसने कितना धान खरीदा
चंदौली। खाद्य विभाग ने 975 एमटी, यूपी एग्रो ने 998, कर्मचारी कल्याण निगम ने 394, एनसीसीएफ ने 1276, नैफेड ने 929, पीसीयू ने 522 व एफसीआई ने 271 एमटी धान की खरीद की है। जिले अब पीसीएफ एवं अन्य एजेसिंयों के द्वारा 5714 एमटी धान खरीदा जा चुका है। कोट.......
जनपद में किसानों के धान क्रय करने में पीसीएफ द्वारा लापरवाही उजागर हुई है। इसके सभी 26 क्रय केंद्रों पर लक्ष्य के सापेक्ष मात्र एक प्रतिशत से कुछ अधिक धान खरीदा गया है। इस की रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी और लापरवाही बरतने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई के लिए पत्र भी लिखा जाएगा। बच्चा लाल, एडीएम प्रशासन।