पीडीडीयू नगर। बेसिक शिक्षा को मजबूत करने और बेहतर शिक्षा के लिए शिक्षा विभाग ने पिछले सत्र से ही 50 प्राइमरी स्कूलों में अंग्रेेजी माध्यम की पढ़ाई शुरू करा दी है। इस साल भी एक अप्रैल से शुरू हो रहे नए सत्र में जिले में 50 और प्राइमरी के साथ 12 मिडिल स्कूलों में अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई होनी है। जिले से स्कूलों को चिह्नित कर इसकी रिपोर्ट भी शासन ने मांगी है। लेकिन अभी शिक्षा विभाग ने ऐसे स्कूलों को न तो चिह्नित किया है और न ही इसकी रिपोर्ट तैयार की है। सूबे में एक हजार उच्च प्राथमिक और पांच हजार प्राथमिक अंग्रेजी माध्यम स्कूल खोले जाने हैं।
जिले में 993 प्राइमरी और 470 मिडिल स्कूल हैं। इसमें 50 प्राइमरी स्कूलों में पिछले सत्र से अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई शुरू है। जबकि इस साल और 50 स्कूलों की सूची शासन ने मांगी है। वहीं इस बार अप्रैल से शुरू हो रहे सत्र में मिडल स्कूलों में भी अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई शुरू करने की तैयारी है। यानी प्राइमरी और मिडल के कुल 62 स्कूलों को अंग्रेजी माध्यम से किया जाना है। 14 मार्च तक इसकी सूची शासन को भेजनी थी किंतु अभी तक नहीं भेजी गई है।
शिक्षा विभाग ने ऐसे स्कूलों को चिह्नित कर इसकी सूची उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। ताकि सत्र चालू होते ही वहां पढ़ाई शुरू हो सके। लेकिन अब तक न तो स्कूल चिह्नित हो सके हैं और न ही इन स्कूलों में पढ़ाने के लिए शिक्षकों की तैनाती हो सकी है। दरअसल बेसिक स्कूलों में पढ़ाने वाले शिक्षकों से ही जिला बेसिक शिक्षा विभाग अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों में पढ़ाने के लिए आवेदन मांगता है। उन्हीं आवेदनों में से शिक्षकों की योग्यता के अनुसार चयन पर उन्हें भेजता है। लेकिन अब तक कोई प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकी है। बीएसए भोलेंद्र प्रताप सिंह का कहना है कि ब्लाकवार ऐसे प्राइमरी और मिडिल स्कूलों को चिह्नित करने के लिए खंड शिक्षाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। इसकी रिपोर्ट जल्द ही शासन को भेज दी जाएगी।