मुगलसराय। एसडीएम मुगलसराय के के विरोध में शुक्रवार को तहसील परिसर स्थित बार कार्यालय में अधिवक्ताओं ने बैठक की । इस दौरान सभी तहसील में भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाते हुए निर्णय लिया कि जब तक एसडीएम सत्येन्द्र सिंह का तबादला नहीं हो जाता तब तक सभी अधिवक्ता सिर्फ एसडीएम न्यायालय का बहिष्कार करेंगे।
मुगलसराय तहसील निर्माण के बाद तहसील प्रशासन और अधिवक्ताओं के बीच किसी ने किसी पर विवाद होता आया है। तहसील से पहले एसडीएम के रूप में पदभार संभाल रहे सत्येन्द्र सिंह सहित राजस्वकर्मी और अधिवक्ता आमने सामनें भी आ चुके हैं। अधिवक्ताओं ने गुरुवार को एसडीएम सत्येन्द्र सिंह के खिलाफ मुगलसराय तहसील परिसर स्थित बार कार्यालय में बैठक की और एसडीएम के प्रति नाराजगी जत्राइ । इस दौरान सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि जब तक एसडीएम का मुगलसराय तहसील से तबादला नहीं हो जाता है तब तक सभी अधिवक्ता एसडीएम कोर्ट का बहिष्कार करेंगे। इसके पूर्व तहसील में भ्रष्टाचार व्याप्त होने का आरोप लगाते हुए अधिवक्ताओं ने मंडलायुक्त से लेकर मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर अवगत कराया था। यहां तक जिलाधिकारी चंदौली से मामले में हस्तक्षेप किए जाने की मांग भी की थी। इस दौरान समरनाथ यादव, देवी दयाल गुप्ता, विजय कुमार, बिहारी लाल, मान सिंह, संतोष, संतोष यादव, अमित गिरी, फिरोज अहमद आदि अधिवक्ता मौजूद रहे। अध्यक्षता मुगलसराय बार एसोसिएशन के अध्यक्ष स्वामीनाथ पाठक एवं मनोज कुुमार गुप्ता ने किया।