पीडीडीयू नगर। मौसम ने सोमवार की रात करवट बदली। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से आधी रात के बाद तेज आंधी के साथ बारिश हुई। जिससे गेहूं की फसलें लोट गईं। हवा और बारिश से रबी की फसल को नुकसान होने की आशंका है। बारिश से ठंड का प्रभाव बढ़ा लेकिन दोपहर बाद तेज धूप खिली। मौसम में तेजी से बदलाव से बीमारियों के फैलने की आशंका है।
शिकारगंज संवाददाता के अनुसार सोमवार की देर रात तथा मंगलवार की भोर में अचानक पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव तेज गरज तथा हवाओं के साथ बरसात होने से किसान सशंकित हो उठे। बरसात तथा तेज हवाओं के कारण पकने के कगार पर पहुंच चुकी गेहूं की फसल खेतों में लोट गयी हैं। किसान घनश्याम सिंह, मदन पांडेय, बच्चन सिंह, गनेश मौर्या, विरेन्द्र सिंह का कहना है कि तेज हवाओं तथा बरसात के कारण गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचा है। गेहूं की फसल गिर जाने तथा हवाओं के कारण गेहूं के दाने पतले होने की आशंका गहरा गई है। काशी हिंदू विश्वविद्यालय कृषि विज्ञान संस्थान के वैज्ञानिक डॉ. रमेश चंद्र ने कहा कि सिंचाई या बरसात के बाद तेज हवाओं से गेहूं की फसल के दाने पतले हो जाते हैं। जिससे उत्पादन प्रभावित होता है। कंदवा संवाददाता के अनुसार मार्च के अंतिम सप्ताह में बार बार बदल रहे मौसम और हो रही बेमौसम बारिश और तेज हवा के कारण किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें खिंच गई है। बार बार बारिश और तेज हवाओं से तेलहनी दलहनी के साथ साथ गेहूं की फसल प्रभावित हो रही है। सिकठा गांव के किसान रतन सिंह का कहना है कि इस महीने बारिश व तेज हवाओं की वजह से गेहूं फसल को नुकसान हुआ है। सकलडीहा संवाददाता के अनुसार मंगलवार को सुबह आंधी पानी के कारण उपकेन्द्र से जुड़े दर्जनों गांव की आपूर्ति दोपहर तक ठप रही। सकलडीहा कस्बा,नागेपुर, टिमिलपुर, तेन्दुई, सिरोहुपुर, ताजपुर, दुर्गापुर आदि दर्जनों गांव को सकलडीहा तहसील मुख्यालय की फीडर से विद्युत आपूर्ति होती है। फीडर को धानापुर की 1 लाख 32 हजार लाइन से जोड़ा गया है। सुबह अचानक तेज हवा के साथ पानी बरसते ही आपूर्ति ब्रेक डाउन हो गई और आपूर्ति ठप हो गई। इस संबंध में एसडीओ प्रशांत कुमार ने बताया कि तकनीकी समस्या के कारण आपूर्ति ठप हुई थी।