मुगलसराय। अब महिलाओं को रेलवे में यात्रा के दौरान उन दिनों में सेनेटरी पैड के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। महिला यात्रियों को स्थानीय स्टेशन पर ही कम कीमत में सिनेटरी पैड मिल जाएगा। यही नहीं खराब सेनेटरी पैड फेंकने से स्टेशन गंदा भी नहीं होगा, क्यों कि पैड को नष्ट करने के लिए भी स्टेशन पर मशीन लगा दी गई है। महिलाओं को स्टेशन पर सेनेटरी पैड उपलब्ध कराने वाला पैडमैन मुगलसराय स्टेशन पूर्वांचल ही नहीं देश के चुनिंदा रेलवे स्टेशनों में शामिल हो गया है। हावड़ा दिल्ली रूट पर स्थित स्थानीय रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन 375 जोड़ी यात्री ट्रेनों का आवागमन होता है। औसतन प्रतिदिन 15 से बीस हजार यात्री प्रतिदिन ट्रेनों पर सवार होते हैं और उतरते हैं। नार्थ ईस्ट का प्रवेश द्वार माने जाने वाले स्थानीय रेलवे स्टेशन से सभी लंबी दूरी के ट्रेनों का ठहराव होता है। यात्रियों की सुविधा की दिशा में रेलवे लगातार काम कर रहा है लेकिन यात्रा के दौरान आधी आबादी को उन दिनों की समस्या से निपटने में मुश्किल आती है। विशेष कर यात्रा के दौरान सेनेटरी पैड मिलना मुश्किल होता है। यही नहीं अक्सर ही खराब सेनेटरी पैड यात्री रेलवे लाइन पर फेंक देते हैं। इससे गंदगी फैलती है। इसको देखते हुए रेलवे ने इको वेस्टक कंपनी से हाथ मिलाया है। रेलवे महिला कल्याण समिति के सौजन्य से स्टेशन पर सिनेटरी पैड वेंडिंग मशीन स्थापित की है। मुगलसराय रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म संख्या दो के वेटिंग हाल में 32 हजार रुपये की लागत से पैड डिस्पोजल मशीन और 38 हजार की लागत से वेंडिंग मशीन लगाई है। मशीन में नियमित पैड रहे, इसके लिए वेटिंम रूम में नियुक्त तीन महिला कर्मचारियों और मेड िकल स्टाफ को ट्रेनिंग दी गई है। यहां कोई यात्री पांच रुपये का सिक्का डाल कर सेनेटरी पैड ले सकता है। यही नहीं खराब पैड को बाथरूम में लगे पैड डिस्पोजल मशीन में डाल कर नष्ट कर सकता है। इससे स्टेशन और परिसर साफ सुथरा रहेगा। वर्तमान में रेलवे आगरा, धनबाद और पटना में ही सिनेटरी पैड वेडिंग मशीन लगी है। सीनियर डीसीएम दयानंद ने बताया कि रेलवे महिला सशक्तिकरण की दिशा में भी काम कर रहा है। स्वच्छता और महिला सशक्तिकरण की दिशा में ही सेनेटरी पैड वेंडिंग मशीन लगाई गई है। इससे महिला यात्रियों को आसानी होगी।