चंदौली। संपूर्ण समाधान दिवस में भी जिले और तसहील स्तर पर स्थानीय अधिकारी खेल कर रहे हैं। बिना समस्या के निस्तारण के बाद भी कागज पर समस्या का समाधान कर रहे हैं। मंगलवार को ऐसा ही एक मामला मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल के सामने आया। सदर तहसील में मंडलायुक्त और आईजी विजय सिंह मीणा औचक निरीक्षण करने पहुंचे थे। इस दौरान मण्डलायुक्त ने पिछले संपूर्ण समाधान दिवस में बृजेश कुुमार के आए प्रार्थना पत्र का अवलोकन करबृजेश से मोबाइल पर वार्ता कर प्रकरण की जानकारी ली। पीड़ित ने बताया कि उसकी समस्या का समाधान अब तक नहीं हुआ है जबकि कागज पर निस्तारित दिखा दिया गया था। कमिश्नर के निरीक्षण में स्थानीय अधिकारियों के कागजी खेल की पोल खुल गई। इससे नाराज कमिश्नर ने संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाई। वहीं कार्य में लापरवाही बरतने वाले चार लेखपालों को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया। कमिश्नर की इस कार्रवाई से वहां हड़कंप मच गया। संपूर्ण समाधान दिवस में कुल 63 शिकायतें प्राप्त हुई। इसमें तीन शिकायतों का निस्तारण हुआ। जबकि शिकायतों के निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को सौंप दिया। पिछली शिकायतों का निस्तारण नहीं होने पर कमिश्नर ने गंभीरता से लिया और लापरवाही पर नाराजगी जताई। साथ ही काम के प्रति लापरवाही होने पर डीएम नवनीत सिंह चहल को निर्देश दिया कि चार लेखपालों को समस्याओं के समाधान न करने पर कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगने के निर्देश दिए। मंडलायुक्त ने ग्राम रेवसां के गुप्तेश्वर सिंह से फोन से वार्ता किया जहां खलिहान की भूमि पर अतिक्रमण नहीं हटाए जाने की शिकायत पर लेखपाल को मौके पर जाकर कार्रवाई का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि चकरोड़ पर अतिक्रमण की समस्या को लेखपाल मौके पर जाकर निस्तारित करें। ग्राम चारी में पात्र लाभार्थी होने के बाद भी सरकार के योजनाओं का लाभ नहीं मिलने की शिकायत पर खण्ड विकास अधिकारी बरहनी को निर्देश दिया कि ग्राम सभा में खुली बैठक कर पात्र लाभार्थियों का चयन करें। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं होगी। इस दौरान जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल, पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह, सीडीओ डा. अभय कुमार श्रीवास्तव,एसडीएम अभिषेक गोयल, सीएमओ डा.आरके मिश्र, डीडीओ पदमकांत शुक्ल, विजय कुमार, तहसीलदार पीसी यादव रहे।