शिकारपुर गोशाला के बाहर धरने पर बैठे भाकियू कार्यकर्ता व ग्रामीण। स्रोत: संगठन
शिकारपुर। गांव महमदपुर के ग्रामीण सोमवार को शिकारपुर स्थित गोशाला में गोवंशों को पकड़ ले गए। आरोप है कि नगर पालिका के ईओ ने गायों को भगा दिया। इस पर ग्रामीण और भारतीय किसान यूनियन टिकैत के कार्यकर्ता नाराज होकर धरने पर बैठ गए। उनकी मांग है कि गायों को दोबारा पकड़ कर गोशाला लाया जाए।
भारतीय किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष चौ. अरब सिंह ने बताया कि गांव महमदपुर में निराश्रित गाेवंशों ने हमला कर एक बच्चे को घायल कर दिया। इस पर निराश्रित गोवंशों को लेकर पकड़ कर ग्रामीण शिकारपुर की गोशाला में ले गए। इसके लिए एडीओ पंचायत भी पत्र लिखकर दिया गया कि गायों को शिकारपुर की गोशाला में रखा जाए।
उन्होंने आरोप लगाया कि जब ग्रामीण व संगठन के कार्यकर्ता गोवंशों को लेकर गोशाला पहुंचे तो पालिका ईओ व कर्मचारियाें ने गायों को भगा दिया। इससे नाराज कार्यकर्ता व ग्रामीण धरने पर बैठ गए। कहा कि एक ओर सरकार निराश्रित गोवंशों को गोशाला भिजवाने के आदेश जारी कर रही हैं।
वहीं, जब गायों को गोशाला ले जाया जाता है तो उन्हें रखा नहीं जाता। इस दौरान संगठन के तहसील अध्यक्ष लीलू प्रधान, कुलदीप चौधरी, रोहित चौधरी, विवेक बरगौती, इंद्रपाल सिंह, रवि सिंह, नूतन शर्मा और व उदयवीर सिंह आदि कार्यकर्ता व ग्रामीण मौजूद रहे। दूसरी ओर ईओ नीतू सिंह का कहना है कि गोशाला में क्षमता से अधिक गोवंश हैं। कर्मचारियों के गांवशों को लेने से मना करने पर ग्रामीण अनावश्यक धरने पर बैठ गए।