ऊंचागांव। ब्लॉक में तैनात ग्राम विकास अधिकारी ने अपना स्थानांतरण रुकवाने के लिए हाईकोर्ट की शरण ली है।
मामले में न्यायमूर्ति प्रकाश पाडिया ने 11 जून को सुनवाई करते हुए आदेश दिया कि अगली सुनवाई तक निदेशक पंचायती राज द्वारा पारित 30 मई के आदेश का प्रभाव याचिकाकर्ता के संबंध में स्थगित रहेगा।
हाईकोर्ट ने कहा कि मामला विचाराधीन है और ग्राम पंचायत अधिकारी का पद जिला स्तरीय संवर्ग का है, उसे बिना सहमति के जिले से बाहर नहीं भेजा जा सकता। अब मामले में निदेशक पंचायती राज अमित कुमार सिंह ने ग्राम विकास अधिकारी अमित मलिक का स्थानांतरण स्थगित कर दिया है।