ट्रेन से गिरकर घायल हुआ यात्री बृहस्पतिवार को दो घंटे तक प्लेटफार्म पर खून से लथपथ पड़ा तड़पता रहा। यात्रियों के हंगामा करने पर जीआरपी ने घायल को रेलवे अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन वहां चिकित्सक ही नहीं थे। वहां भी काफी देर तक घायल कराहता रहा। बाद में 108 नंबर एबुलेंस से उसे सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
अनूपशहर निवासी श्यौदान का पुत्र अनूप बृहस्पतिवार को गाजियाबाद से खुर्जा जंक्शन आया था। अनूप ने बताया कि लगभग 3.30 बजे उसने अनूपशहर जाने के लिए जंक्शन से अलीगढ़ जाने वाली टीएडी पैसेंजर ट्रेन पकड़ी।
ट्रेन में अधिक भीड़ होने की वजह से वह प्लेटफार्म नंबर तीन पर गिरकर घायल हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों की माने तो घायल अनूप दो घंटे तक प्लेटफार्म पर पड़ा तड़पता रहा। वहां से गुजरने वाले आरपीएफ-जीआरपी के जवानों ने भी आंखे फेर ली।
यात्रियों ने रेलवे की अव्यवस्था को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। हंगामे की सूचना पर पहुंचे जीआरपी-आरपीएफ के जवान घायल को रेलवे अस्पताल ले गए। वहां चिकित्सक नहीं होने से अनूप वहां भी तड़पता रहा।
ऐसे में किसी यात्री ने 108 आपातकालीन एबुलेंस को कॉल कर बुलाया। एबुलेंस से घायल अनूप को खुर्जा स्थित सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया। मामले में रेलवे के एसएस पीके गुप्ता ने पूरे मामले की जानकारी होने से इंकार किया है।
मामले की जानकारी नहीं है। वैसे भी एक साल से जंक्शन स्थित रेलवे अस्पताल पर चिकित्सक नहीं है। इस बाबत कई बार अफसरों को अवगत कराया जा चुका है। - पीके गुप्ता,एसएस
किसी व्यक्ति के मृत होने की सूरत में ही जीआरपी कार्रवाई करती है। घायलों को आरपीएफ देखती है। - सत्यप्रकाश,जीआरपी प्रभारी