खुर्जा नगर कोतवाली में तैनात एक दरोगा ने छात्रा से गैंगरेप के मामले में खेल कर आरोपी को राहत दे दी। इसके चलते आरोपी को कोर्ट ने जमानत पर छोड़ दिया। होईकोर्ट ने पीड़िता की रिट पर सुनवाई करते हुए एसएसपी को केस का सुपरविजन करने के आदेश दिए हैं।
पीड़िता के अधिवक्ता गवेंद्र सिंह ने बताया कि छात्रा ने 28 जनवरी 2016 में एक एफआईआर दर्ज कराई थी। उसने पुलिस को बताया था कि 23 जनवरी 2016 को हसनगढ़ निवासी अरसद पुत्र महफूज और उसके दो साथियों ने अपहरण करके बलात्कार किया। मामले की जांच दरोगा महिपाल सिंह ने की।
पुलिस ने फरवरी में पीड़िता का बयान मजिस्ट्रेट के समक्ष दर्ज कराए था। इसके बाद कोर्ट के माध्यम से थाना पुलिस से केस की प्रगति रिपोर्ट मांगी। जिसमें एसआई महिपाल सिंह ने कोर्ट को दिए जबाव में बताया कि पीड़िता के बयानों के आधार पर केस में आईपीसी की धारा 376(डी) की बढ़ोतरी की गई है।
साथ ही आरोपियों को पकड़ने के लिए दबिश दी जा रही है। इसके बाद पीड़िता ने हाईकोर्ट में एक रिट पिटीशन दायर की। जिस पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने आठ अप्रैल 2016 को आदेश जारी करते हुए कहा कि मामले का सुपरविजन एसएसपी बुलंदशहर करेंगे। एसएसपी पीयूष श्रीवास्तव ने कहा कि मामले की जांच की जाएगी।