बुलंदशहर/अनूपशहर। शिक्षण संस्थानों में भारतीय सेना के शौर्य पराक्रम का प्रतीक ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर कार्यक्रम हुए। इस दौरान ऑपरेशन सिंदूर को चलचित्र के माध्यम से विद्यार्थियों को अवगत कराया गया। साथ ही एनसीसी कैडेट्स ने देश सेवा की शपथ ली।
नगर के ललिता प्रसाद सरस्वती बालिका विद्या मंदिर इंटर कॉलेज में हुए कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्राओं में राष्ट्रवाद और सैन्य वीरता के प्रति जागरूकता पैदा करना रहा। कैडेट्स को एक विशेष प्रस्तुतिकरण के माध्यम से ऑपरेशन सिंदूर के इतिहास और इसकी उपलब्धियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इस अवसर पर विद्यालय की प्रधानाचार्य डॉ. कविता रस्तोगी, बीनू अरोरा और एनसीसी केयर टेकर ऑफिसर श्रद्धा शर्मा आदि शिक्षक मौजूद रहे।
दूसरी ओर अनूपशहर के एलडीएवी इंटर कॉलेज में ऑपरेशन सिंदूर को चलचित्र के माध्यम से भारतीय सेना के अद्भुत शौर्य,पराक्रम से छात्रों को अवगत कराया गया।
अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद के वरिष्ठ सदस्य व पूर्व एयर वाइस मार्शल आलोक शर्मा ने ऑपरेशन सिंदूर की रणनीतिक बारीकियों, युद्ध कौशल, पराक्रम और वायुसेना थल सेना के बीच अद्भुत तालमेल की गौरव गाथा से बच्चों को अवगत कराया।
ऑपरेशन सिंदूर हमारी सेना की वीरता की कहानियों का अद्भुत मिसाल है। प्रधानाचार्य शशि बाला पंत ने कहा कि भारत भविष्य की चुनौतियों के लिए पूरी तरह से तैयार और सक्षम है। इस अवसर पर धर्मेंद्र कुमार, अभय सिन्हा, अखंड प्रताप सिंह, सैनिक सेवा परिषद के जिला अध्यक्ष हरिप्रकाश, कोषाध्यक्ष ब्रह्मपाल, तहसील अध्यक्ष देवेंद्र सिंह, मंजिल कांत, पीयूष गर्ग, सुरेंद्र कुमार, सुबोध गिरी, कौटिल्य चौहान व राकेश कुमार उपस्थित रहे। संवाद