बुलंदशहर। पिछले करीब एक सप्ताह से काली नदी का जलस्तर बढ़ गया है। घरों में पानी के साथ-साथ जहरीले सांप, बिच्छू भी घुस आए हैं। घर से जरूरी सामान लाने के लिए दुकान तक जाना हो तो घुटनों तक आए काली नदी के पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है। यह हालत ज्ञानलोक काॅलोनी की है। काॅलोनी काली नदी के किनारे बसी हुई है। प्रशासन की उपेक्षा से लोगों में गुस्सा है।
पिछले कुछ दिनों से काली नदी का जलस्तर बढ़ रहा है। जिससे इसके किनारे बसे लोगों के घरों में और फसलों में पानी भर गया है। जिससे फसल बर्बाद हो चुकी है। खासतौर पर आवास विकास कालोनी के पास बने निर्माणाधीन काली नदी पुल के पास हालत बेहद बदतर हैं। यहां मऊखेड़ा से ज्ञानलोक काॅलोनी, काजीपुरा, बदनोरा के पास स्थित हजारों बीघा लोगों की फसल जलमग्न हो गई है। यहां, मोहल्ला ज्ञानलोक काॅलोनी में लोगों के घरों में पानी घुस आया है। कई लोग घरों के ताले लगाकर अन्यत्र स्थान पर चले गए हैं। स्थिति इतनी खराब है कि लोगों को अपने पशु भी काली नदी के गंदे पानी में ही बांधने पड़ रहे हैं। घर से कुछ सामान लाने के लिए जाना भी मुश्किल हो गया है। शनिवार को जलस्तर थोड़ा घटा जरूर है लेकिन स्थिति अब भी खराब है।
शनिवार को हुई बारिश से एक बार फिर काली का जलस्तर बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। काली के पानी के साथ लोगों के घरों में जहरीले सांप भी तैरते दिख रहे हैं। जिससे लोगों को अपना, परिजनों का व पालतू पशुओं की जान का खतरा भी बना हुआ है। लोगों को कहना है कि जब से नया पुल बना है, तब से पुल के निकट गंदगी का अंबार लगा हुआ है। जिससे पुल के नीचे से नदी का बहाव कम हो गया है। यही कारण है कि पुल के इस तरफ ज्ञानलोक काॅलोनी में आए दिन काली का पानी घुस जाता है, जिससे काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
ये बोले लोग...
पिछले आठ दिन से घर के बाहर पानी भरा हुआ है। शुक्रवार को जलस्तर इतना बढ़ गया था कि घरों में भी पानी घुस गया था। प्राइवेट कार पर ड्राइवर का काम करता हूं, मालिक की कार घर के बाहर खड़ी है, बुकिंग पर भी नहीं जा पा रहा हूं। प्रशासन को हमारी परेशानी समझनी चाहिए। - वेदप्रकाश कश्यप, स्थानीय निवासी
घर में व घर के बाहर काली का पानी घुसने से बीमारियों के साथ साथ जहरीले सांप व कीड़ों का खतरा बना हुआ है। पिछले चार दिन में कई सांप घर के आसपास काली नदी के पानी में तैरते दिखाई दिए हैं। रात भी डर के कारण जागकर ही काटनी पड़ रही है। - गुड्डी देवी, स्थानीय निवासी
पशुओं को बांधने के लिए भी जगह नहीं बची है। घर व आसपास चारों तरफ काली नदी का पानी ही नजर आ रहा है। पिछले एक सप्ताह से पड़ोसी के पशु काली नदी में डूबी सड़क पर ही बंधे हुए हैं। जिससे उनकी भी जान को खतरा बना हुआ है। - सुनीता देवी, स्थानीय निवासी
घर से निकलने में काफी परेशानी हो रही है। घुटनों तक पानी भरा हुआ है। वाहन तो दूर गली से पैदल निकलना भी दूभर हो रहा है। काली नदी की सफाई करा दी जाए, तो इस समस्या से निजात मिल सकती है। - कमल कुमार, स्थानीय निवासी
मामला संज्ञान में आया है। टीम को मौके पर भेजकर जांच कराई जाएगी। स्थानीय लोगाें की जो भी समस्या होगी, उसका जल्द से जल्द निस्तारण कराया जाएगा। - डाॅ. प्रशांत कुमार, एडीएम प्रशासन