मूल रूप से बिजनौर जिले के परवानपुर गांव के रहने वाले प्रदीप चौहान ने वर्ष 1985 में उत्तर प्रदेश पुलिस बल में अपनी सेवाएं देना शुरू किया था। अपने 41 साल से अधिक के लंबे और प्रतिष्ठित सेवाकाल के दौरान, उन्होंने विभिन्न जनपदों में अपनी सेवाएं दीं।
बुलंदशहर के खुर्जा में देहात थाना पर कार्यरत उप निरीक्षक प्रदीप चौहान का विदाई समारोह ढोल-बाजे और घोड़ा-बग्घी के साथ हुआ। दूल्हे की तरह दरोगा को बग्घी पर बैठाकर विदा किया गया। वहीं कार्यक्रम में दरोगा और उनकी पत्नी ने एक दूसरे को फूल मालाएं भी पहनाई। विदाई समारोह के वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहे हैं।
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मूल रूप से बिजनौर जिले के परवानपुर गांव निवासी प्रदीप चौहान वर्ष 1985 में यूपी पुलिस में भर्ती हुए थे इसके बाद अलग-अलग जनपद में उन्होंने नौकरी की। 60 वर्ष की उम्र होने के चलते 31 मार्च 2026 को वह सेवानिवृत्त हो गए। प्रदीप चौहान वर्तमान में बुलंदशहर जिले के खुर्जा देहात थाना पर उप निरीक्षक पद पर तैनात थे।
गया थाना पुलिस और उनके साथ ही पुलिसकर्मियों ने उनका विदाई समारोह कुछ अनोखे अंदाज में किया। परिवार और पुलिस टीम के साथ कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें विशेष रूप से बरात में जाने वाली घोड़ा बग्घी भी बुलाई गई। इससे पहले उपनिरीक्षक प्रदीप चौहान को माला पहनकर उनकी पत्नी ने शुभकामनाएं दी। तो उन्होंने भी अपनी पत्नी को माला पहनाकर शुभकामनाएं दीं। मानो तो जयमाला की रस्म हो।
इसके बाद दोनों को बागी पर बैठाया गया और ढोलबाजों के साथ उनको थाने से विदा किया गया। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद अनोखा विदाई समारोह खूब चर्चा का विषय बन गया है। देहात थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बताया कि उप निरीक्षक प्रदीप चौहान को पुलिस की नौकरी में 41 वर्ष दो माह हो गए थे। वहीं खुर्जा देहात थाने पर वह दो साल छह माह रहे। उनको मृदु व्यवहार सभी को पसंद था।