बुलंदशहर। कोतवाली देहात क्षेत्र के गांव धमरावली में बृहस्पतिवार रात प्रधान के पति सहित कुछ लोगों ने अनुसूचित जाति के युवक अरुण भारती की बरात रोक दी। विरोध करने पर आरोपियों ने बरातियों पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। पथराव भी किया गया। इसमें चार से पांच बराती घायल हो गए। देर रात पीड़ित पक्ष और अन्य ग्रामीणों ने कोतवाली में कार्रवाई के लिए हंगामा किया। पुलिस ने मामले में प्रधान के पति सहित 29 नामजद व 10 से 20 अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस प्रधान पक्ष के कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
देहात कोतवाली क्षेत्र के गांव धमरावली निवासी सुरेंद्र सिंह ने तहरीर दी। बताया कि बृहस्पतिवार को उनके पुत्र अरुण भारती की शादी थी। शाम करीब सात बजे आंबेडकर पार्क से बरात की निकासी शुरू हुई। रास्ते में प्रधान के पति कृपाल सिंह ने अपने घर के सामने ही करीब 40-50 लोगों के साथ बरात को रोक लिया। आरोपियों ने बरातियों के साथ अभद्रता व जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया।
आरोपियों का कहना था कि चार दिन पूर्व जब अनुसूचित जाति के लोगों को बरात निकालने के लिए मना किया था तो अब बरात कैसे निकाली गई। विरोध करने पर आरोपियों ने बरातियों पर हमला कर दिया। साथ ही बसों की छतों से पत्थर बरसाए गए। इससे बरात में अफरा-तफरी मच गई। इसके बाद बिना चामड़ पूजन के ही दूल्हे समेत सिर्फ 15 लोग बरात लेकर रवाना हो गए। अन्य परिजन व ग्रामीण गांव में ही रहे। सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। जिन्होंने दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास किया।
अनुसूचित वर्ग के लोगों का आरोप है कि पुलिस ने आरोपियों का पक्ष लेते हुए पीड़ितों पर ही लाठी बरसाई। इसके बाद ग्रामीण एकत्रित होकर थाने पर पहुंच गए। देर रात करीब 12 बजे तक हंगामा होता रहा। बवाल और हंगामे का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। पुलिस ने तहरीर के आधार पर प्रधान के पति कृपाल सिंह, सचिन, नितिन, प्रदीप, दीपू, गजे सिंह, योगेंद्र, शीलेंद्र, निशांत, अमन, विकास, रमण, संदीप, मनीष, यश, सुशील, विकास, तनिश, दीपक, धर्मेंद्र, नैतिक, मोहित, प्रदीप, विकास, राजकुमार, सौरभ, अभय, रविंद्र भाटी, प्रदीप और दस से 20 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
16 फरवरी को छोटू की रोकी थी बरात निकासी
सुरेंद्र सिंह ने बताया कि 16 फरवरी को गांव निवासी भगवत सिंह के पुत्र छोटू की बरात की निकासी (घुड़चढ़ी) हो रही थी। जब बरात गांव की प्रधान के घर के पास पहुंची तो प्रधान के पति कृपाल सिंह ने अन्य लोगों को एकत्रित कर लिया। जिन्होंने बरात में शामिल लोगों के साथ अभद्रता व जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करना शुरू कर दिया। साथ ही आरोपियों ने चामड़ माता के मंदिर का ताला लगा दिया और मोहल्ले में फिर से किसी भी अनुसूचित जाति वर्ग की बरात लाने पर भुगत लेने की धमकी दी थी। उस दिन भी बरात बिना चामड़ माता की पूजा किए ही रवाना हो गई थी।
प्रधान पक्ष ने कहा - तेज आवाज में डीजे बजाने के विरोध पर किया हमला
प्रधान पक्ष का आरोप है कि 16 फरवरी को भी गांव में चढ़ रही बरात में डीजे को कम आवाज में बजाने के लिए कहा गया था। तब भी अनुसूचित जाति पक्ष ने हंगामा किया था। वहीं, 20 फरवरी को एक अन्य युवक की चढ़त के दौरान भी तेज आवाज में डीजे बजा रखा था, जिससे बुजुर्गाें को परेशानी हो रही थी। जिसका विरोध किया गया तो बरात में शामिल लोगों ने उन पर हमला कर दिया।
बृहस्पतिवार को ही गांव में एक युवती की शादी हुई पुलिस सुरक्षा में
ग्रामीणों ने बताया कि बृहस्पतिवार को एक युवक की बरात में बवाल हुआ। वहीं, गांव में ही एक अनुसूचित जाति वर्ग की युवती की भी शादी थी। इससे वहां भी शादी का माहौल तनाव में बदल गया। युवती की शादी के दौरान रात में पुलिस की दो गाड़ियां गांव में तैनात रहीं। सुबह बरात विदा होने के बाद पुलिस टीम रवाना हो गई।
आरोप : पुलिस ने अधिकारियों के पास जाने से रोका
पीड़ित पक्ष का आरोप है कि थाना और चौकी पुलिस ने आरोपी पक्ष से साठगांठ कर उनके साथ ही अभद्रता और मारपीट की। इसके बाद कुछ ग्रामीण ट्रैक्टर से अधिकारियों के पास जा रहे थे। तब रास्ते में पुलिस ने उनको रोक लिया और अधिकारियों के पास तक नहीं जाने दिया।
मामले में बरात चढ़ाने और डीजे बजाने को लेकर विवाद हुआ था। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंच कर स्थिति को नियंत्रण में कर लिया था। पीड़ित पक्ष की तहरीर के आधार पर 29 नामजद समेत अन्य अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। कुछ आरोपी हिरासत में हैं। जल्द ही सभी आरोपियों की गिरफ्तारी कर ली जाएगी। - ऋजुल कुमार, एएसपी नगर