फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bulandshahar News: बदला लेने के लिए की गई थी इमरान की हत्या

विज्ञापन
विज्ञापन
जहांगीरपुर। कस्बे के मोहल्ला व्यापारियान निवासी इमरान (36) की हत्या जान मोहम्मद ने परिवार के लोगों के साथ मिलकर अपने ताऊ युसुफ की हत्या का बदला लेने के लिए की थी। पुलिस ने आरोपी जान मोहम्मद उर्फ जानू निवासी मोहल्ला व्यापारियान कस्बा जहांगीरपुर थाना जेवर, इदरीश निवासी ग्राम चांचली थाना जेवर गौतमबुद्धनगर को गिरफ्तार करते हुए करते हुए न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया।
विज्ञापन

सात अक्तूबर की रात में इमरान की उस समय गोली मारकर हत्या कर दी थी जब वह अपने बीमार बच्चे की दवा लेकर वापस लौट रहे थे। पुलिस ने इमरान के भाई फरमान की तहरीर पर जान मोहम्मद समेत छह लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी।
एडीसीपी, ग्रेटर नोएडा संतोष कुमार ने बताया कि रविवार को आरोपी जान मोहम्मद उर्फ जानू, इदरीश को चांचली नहर पुलिया के पास से गिरफ्तार कर लिया गया है। फरमान ने छह लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जांच के दौरान आरोपी इदरीश का नाम प्रकाश में आया था।
विज्ञापन

पूछताछ में आरोपी जान मोहम्मद ने बताया कि वर्ष 2021 में उनके ताऊ युसुफ की हत्या कर दी गई थी। उनके ताऊ की हत्या में इमरान भी शामिल था। ताऊ की हत्या का बदला लेने के लिए उन्होंने इमरान की हत्या की। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है।

यह थी घटना
जेवर थाना क्षेत्र के अंतर्गत जहांगीरपुर चौकी क्षेत्र स्थित कस्बा जहांगीरपुर के मोहल्ला व्यापारियान निवासी फरमान ने रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि उनके छोटे भाई इमरान के आठ वर्षीय बच्चे की तबीयत खराब चल रही है।
सात अक्तूबर को रात करीब साढ़े दस बजे इमरान घर से करीब 150 मीटर दूर स्थित मेडिकल स्टोर पर दवा लेने के लिए गए थे। लौटते समय रास्ते में घात लगाए बैठे अनीस, उसके भाई नफीस, यूनुस, शेर उर्फ आरिफ, चांद्र व जान मोहम्मद ने पुरानी रंजिश को लेकर इमरान पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। इमरान को लहूलुहान हालत में जेवर स्थित कैलाश अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां चिकित्सकों ने इमरान को मृत को घोषित कर दिया।

कोट
इमरान के हत्यारोपी जान मोहम्मद उर्फ जानू, इदरीश को रविवार को गिरफ्तार कर लिया गया है। पूछताछ में आरोपी जान मोहम्मद ने बताया कि अपने ताऊ युसुफ की हत्या का बदला लेने के लिए उसने परिवार के अन्य लोगों के साथ मिलकर इमरान की हत्या की थी। - संतोष कुमार, एडीसीपी, ग्रेटर नोएडा
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें